शट डाउन व ट्रिपिंग से परेशान शहरवासी
बिजली समस्या से उद्योग धंधे हो रहे हैं चौपट
देवघर : देवघर में बिजली व्यवस्था पूरी तरह चौपट हो गयी है. दिन तो दिन रात में भी लोगों का चैन से सोना दूभर हो गया है. बिजली कटौती से आम जनजीवन तो प्रभावित हो ही गया है, उद्योग धंधे भी चौपट हो रहे हैं. बिजली आज सबसे बड़ी जरूरत है. पानी की व्यवस्था से लेकर बच्चों की पढ़ाई तक सबकुछ बिजली पर निर्भर है.
यहां तक की रोजी-रोजगार का बड़ा माध्यम उद्योग धंधे भी बिजली पर ही टिके हुए हैं. लेकिन विभाग पर किसी का नियंत्रण नहीं रहने के कारण इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है. हर साल बिजली विभाग मेंटनेंस के नाम पर करोड़ों रूपये फूंक देता है, इसके बावजूद बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं होने से विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं. लोगों का कहना है कि विभाग जानबूझ कर गुणवत्ता वाले सामान नहीं लगाता है, जिस कारण बार बार मेंटेनेंस के नाम पर पैसे तो बर्बाद हो ही रहे हैं, बिजली संकट से भी परेशानी हो रही है. विभाग ने 10 जुलाई को शटडाउन की आखिरी तिथि घोषित कर रखी है.
मेंटेनेंस के नाम पर काटी जा रही बिजली
शुक्रवार को भी मदनपुर ग्रिड में मरम्मत के कारण सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक शहर के अधिकांश लोगों को रोटेशन पर बिजली मुहैया करायी गयी. जबकि शिवगंगा व आसपास के इलाके में पांच घंटे तक बिजली पूरी तरह से बाधित रही. मगर उससे पूर्व बैजनाथपुर दो नंबर फीडर क्षेत्र के इंडस्ट्रियल फीडर में टेक्निकल फॉल्ट आ जाने के कारण अहले सुबह तीन बजे से लेकर सात बजे तक बिजली बाधित रही. इस दौरान संबंधित क्षेत्र के लोग रातभर गर्मी व उमस से परेशान रहे.
