देवघर: असाढ़ कृष्ण त्रयोदशी तिथि के शुभ अवसर पर बाबा बैद्यनाथ का महाभिषेक का आयोजन किया गया. पंडित छोटे लाल मिश्र के नेतृत्व में महाभिषेक प्रारंभ हुआ. पंडित जी ने बाबा भोले की विशेष पूजा कर उन पर गंगाजल, विल्पत्र, दूध, दही, पंचनामृत, गुलाल, शक्कर, मधु आदि अर्पित किया गया. यह पूजा कासन 1997 में आषाढ़ शुक्ल नवमी को ही शंकराचार्य पूरी पीठाधिश्वर स्वामी निश्चलानंद सरस्वती की उपस्थिति में स्वामीजी के निर्दशन में अरघा का कलेवर बदलने के उपरांत पूजा प्रारंभ हुई थी.
आषाढ़ महीने में शुरू हुई यह पूजा आज भी इसी तिथि को निरंतर चली आ रही है. अभिषेक पंडित जी के साथ मुख्य रुप से पंडित सुनील बल्लभ झा, डॉ कौशिक मिश्र, विजय खवाड़े, रौशन झा, बाबा बलियासे, गिरिशनाथ झा, अनिल झा, पप्पू महाराज, दिनबंधू परिहस्त, रवि मठपति, कृष्णकांत झा आदि मौजूद थे.
