चाईबासा. विश्व जनसंख्या दिवस पर शनिवार को कोल्हान विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग द्वारा ‘जनसंख्या : एक वरदान है या अभिशाप’ विषय पर वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गयी. इसमें 15 विद्यार्थियों ने भाग लेकर विषय के पक्ष और विपक्ष में अपने विचार प्रस्तुत किए. प्रतिभागियों ने माल्थस के सिद्धांत, जनसांख्यिकीय परिवर्तन, पर्यावरण और मानव संसाधन जैसे पहलुओं पर चर्चा की. सुष्मित, अमित, राखी बिरुवा, राखी कुजूर और लेमबती ने जनसंख्या को शिक्षित एवं कुशल मानव संसाधन बनाकर विकास का आधार बताया, जबकि साइमन और संध्या ने संसाधनों पर बढ़ते दबाव, बेरोजगारी और प्रदूषण को चुनौती बताया. निर्णायक के रूप में डॉ. अंजू बाला खाखा एवं डॉ. सुनीता कुमारी उपस्थित रहीं.
विश्व जनसंख्या दिवस पर वाद-विवाद प्रतियोगिता
विश्व जनसंख्या दिवस पर कोल्हान विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग द्वारा जनसंख्या विषय पर एक विशेष वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में शामिल निर्णायक व विद्यार्थी | Prabhat Khabar Network