उत्कृष्ट कार्य प्रदर्शन करने वाले बीएसएल अधिकारियों को सम्मानित करने के उद्देश्य से एग्जीक्यूटिव ऑफ द क्वार्टर अवार्ड स्कीम के तहत सोमवार को पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया. मुख्य अतिथि निदेशक प्रभारी प्रिय रंजन थे. मौके पर बोकारो इस्पात संयंत्र व झारखंड ग्रुप ऑफ माइंस के नौ अधिकारियों को सम्मानित किया गया. इसमें उप महाप्रबंधक (सीएंडआइटी) प्रभात कुमार सूर्या, सहायक महाप्रबंधक (प्रोजेक्ट्स) मनोज कुमार सिंह, सहायक महाप्रबंधक (सामग्री प्रबंधन) पूनम त्रिपाठी, सहायक महाप्रबंधक (आरएमपी) सुसोम साहा व सहायक महाप्रबंधक (एसएमएस-II एवं सीसीएस) आशीष रंजन शामिल हैं. वरीय प्रबंधक (एचएम-यांत्रिकी) ज्ञान प्रकाश आर्य, वरीय प्रबंधक (डीएनडब्ल्यू) प्रतीक कुमार, वरीय प्रबंधक (सीआरएम-III) विशांत कुमार व चिकित्सा अधिकारी (केआइओएम) डॉ. केवीबी वसंता रायडू को भी सम्मानित किया गया. निदेशक प्रभारी ने कहा कि यह सम्मान कार्यसंस्कृति को बेहतर बनाने के लिए एक सशक्त प्रेरणा स्रोत भी है. कार्यक्रम का समन्वय सहायक प्रबंधक (मानव संसाधन) अभिषेक ने किया. उप महाप्रबंधक (मानव संसाधन) माला रानी ने धन्यवाद ज्ञापन किया.
ग्लूकोमा से बचाव को लेकर किया गया जागरूक
बोकारो जनरल अस्पताल (बीजीएच) के नेत्र विभाग की ओर से ग्लूकोमा जागरूकता सप्ताह के तहत विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया. अधिशासी निदेशक (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ बिभूति भूषण करुणामय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे. चिकित्सकों ने कहा कि ग्लूकोमा आंखों की अत्यंत गंभीर स्थिति है, जो धीरे-धीरे दृष्टि को स्थायी रूप से क्षति पहुंचाती है. यदि प्रारंभिक अवस्था में ही इस बीमारी की पहचान कर ली जाये, तो प्रभावी उपचार के माध्यम से दृष्टि को सुरक्षित रखा जा सकता है. नियमित जांच और उचित डॉक्टरी परामर्श ही पूर्ण अंधापन का शिकार होने से बचाने का उपाय है.आम जनता के बीच इस बीमारी के लक्षणों और बचाव के तरीकों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने के लिए अस्पताल प्रशासन द्वारा सूचनात्मक वीडियो और पोस्टरों का प्रदर्शन भी किया गया. आंखों के प्रति जागरूक रहने और नियमित अंतराल पर जांच कराने की सलाह दी गयी. मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ आनंद कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ अनिंदा मंडल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ इंद्रनील चौधरी व अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा अधिकारी व नेत्र विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ सोफिया अहमद उपस्थित थे.
