झारखंड : बोकारो इस्पात सयंत्र में पहली बार आरसीसी स्ट्रक्चर की स्टेबिलिटी टेस्ट

बोकारो इस्पात सयंत्र में पहली बार सोमवार को आरसीसी स्ट्रक्चर की स्टेबिलिटी टेस्ट की गयी. इसकी शुरुआत बीएसएल के अधिशासी निदेशक (संकार्य) बीके तिवारी ने की. बताया गया कि सीइडी व एसआइजीएस विभाग की ओर से सभी भारयुक्त आरसीसी स्ट्रक्चर्स की स्टेबिलिटी जांच की जायेगी.

बोकारो इस्पात सयंत्र में पहली बार सोमवार को आरसीसी स्ट्रक्चर की स्टेबिलिटी टेस्ट की गयी. इसकी शुरुआत बीएसएल के अधिशासी निदेशक (संकार्य) बीके तिवारी ने की. बताया गया कि सीइडी व एसआइजीएस विभाग की ओर से सभी भारयुक्त आरसीसी स्ट्रक्चर्स की स्टेबिलिटी जांच की जायेगी. इस प्रकार का कार्य बोकारो इस्पात सयंत्र में पहली बार शुरू किया गया है. मौके पर मुख्य महाप्रबंधक (सेवाएं) अनिल कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (सीओ एवं सीसी) राकेश कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (सीइडी) शालीग्राम सिंह, मुख्य महाप्रबंधक (यातायात) एके झा व मुख्य महाप्रबंधक (सिंटर प्लांट) बीके बेहरा उपस्थित थे. जांच में सयंत्र के भीतर सारे बड़े व भारयुक्त आरसीसी स्ट्रक्चर्स जैसे आरसीसी चिमनी शेल, साइलोज, मिक्चर सपोर्टिंग स्ट्रक्चर्स, किल्न सपोर्टिंग स्ट्रक्चर्स, वैगन टिप्प्लर सपोर्टिंग स्ट्रक्चर्स, सिंटर प्लांट और कोक ओवन के मुख्य काॅलम्स व रेल, रोड, ओवर ब्रिजों जैसी आरसीसी स्ट्रक्चर्स की संरचनात्मक अखंडता, ताकत व स्वास्थ्य की बहाली सुनिश्चित करने के लिए व पुरानी संरचनाओं की मरम्मत और पुनर्वास के लिए अत्याधुनिक उपकरणों से जांच की जायेगी.

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मुख्य महाप्रबंधक (सीइडी) शालीग्राम सिंह ने बताया कि कंक्रीट संरचनाओं को उनकी उम्र के साथ विभिन्न कारणों से पुनर्वास या सुदृढ़ीकरण की आवश्यकता होती है. इसलिए इन कंक्रीट संरचनाओं की गुणवत्ता और मूल्यांकन अति आवश्यक है. कंक्रीट की मजबूती और गुणवत्ता का आकलन करने के लिए ऊर्ध्वाधरता मूल्यांकन और गैर-विनाशकारी परीक्षण एक उपयोगी विकल्प है. इस जांच में दृष्टिक निरीक्षण, रिबाउंड हैमर परीक्षण, अल्ट्रा-सोनिक पल्स वेलोसीटी परीक्षण, कोर निष्कर्षण और परीक्षण, कट एंड पुल आउट (सीऐपीओ) टेस्ट, अर्ध-कोशिका/सतह विभव परीक्षण, कवर मीटर परीक्षण, कार्बोनेशन परीक्षण व रासायनिक विश्लेषण, नमी माप, प्रतिरोधकता मीटर परीक्षण, रैखिक ध्रुवीकरण परीक्षण, स्लैब लोड परीक्षण, इम्पैक्ट इको टेस्ट, जल पारगम्यता परीक्षण, रिपोर्टिंग, मरम्मत/रेट्रोफिटिंग पद्धति व मात्रा का बिल जैसे अत्याधुनिक उपकरणों के माध्यम से पुष्टि की जायेगी. सीईडी के सहायक महाप्रबंधक पीके स्वांईन, बीभी चंद्रा, पी मिंज, जानिशार ईमाम, प्रबंधक अनुराग धीरज, राहुल रंजन के अलावा सीईडी व एसआईजीएस के कर्मी व संविदा कर्मी उपस्थित थे.

बीएसएल निदेशक प्रभारी ने प्रबंध प्रशिक्षुओं के साथ किया संवाद

मानव संसाधन विकास विभाग की ओर से 2022 व 2023 बैच के प्रबंध प्रशिक्षुओं के लिए बीएसएल के निदेशक प्रभारी अतानु भौमिक के साथ ट्रेनीज हॉस्टल 01 में संवाद कार्यक्रम हुआ. इसमें 25 प्रबंधन प्रशिक्षु शामिल हुये. श्री भौमिक ने युवा प्रबंधकों से फीडबैक लिया. कुशल प्रबंधक बनने के लिए प्रेरित किया. युवा प्रबंधकों ने भी कार्यक्रम के दौरान अपने कार्यस्थल के बारे में सुझाव रखे. अधिशासी निदेशकों के साथ निदेशक प्रभारी कार्यालय के मुख्य महा प्रबंधक (तकनीकी) लक्ष्मी दास, एचआरडी के मुख्य महाप्रबंधक मनीष जलोटा, नीता बा-महाप्रबंधक अनिल कुमार-उप महाप्रबंधक उपस्थित थे.

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By Prabhat khabar news desk

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