अपराध. शहर के बीचो-बीच हुई भीषण चोरी से लोग रह गये स्तब्ध
बोकारो : बीएस सिटी थाना क्षेत्र में एचएससीएल प्रशासनिक भवन स्थित भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआइ) शाखा के 86 लॉकरों को काट कर हुई करीब 10 करोड़ रुपये की संपत्ति की चोरी के बाद शहर के लोग स्तब्ध हैं. आखिर बीएस सिटी थाना से मात्र दो किमी
दूर बैंक में चोर गैस कटर लेकर घुसे और करोड़ों रुपये की संपत्ति लेकर
चले गये. इस दाैरान पुलिस को भनक भी नहीं लगी.
दिन में बैंक खुलने पर बैंक के अधिकारियों ने ही चोरी की सूचना पुलिस को दी. लोगों का कहना है कि पुलिस पेट्रोलिंग के दौरान शहर के संवेदनशील स्थलों की सुरक्षा पर भी ध्यान नहीं दे पा रही है.
लॉकर श्रृंखला एक व दो को बनाया गया निशाना
एसबीआइ प्रशासनिक भवन शाखा में लॉकर श्रृंखला एक व दो में चोरी हुई है. इस श्रृंखला में 112 लॉकर हैं. इनमें से 86 लॉकरों को तोड़ा गया है. शेष तीन, चार, पांच व छह श्रृंखला के लॉकरों को कोई नुकसान नहीं हुआ है. बैंक अधिकारी की माने तो बैंक में दो लॉकर रूम है. जिस रूम में सेंधमारी हुई है, उसमें दो श्रृंखला थी. अन्य कमरे में चार श्रृंखला थी, जिसे कोई नुकसान नहीं हुआ है.
काट दिया था 16 सीसीटीवी कैमरों का कनेक्शन
पुलिस अधिकारियों ने विधि विज्ञान प्रयोगशाला की टीम को बुला कर फिंगर प्रिंट व अन्य साक्ष्य जुटाने का प्रयास किया़ एसपी व अन्य पुलिस अधिकारियों ने कई घंटे तक बैंक में बैठ कर सीसीटीवी फुटेज के सहारे अपराधियों की पहचान करने का प्रयास किया़ बैंक का सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद बैंक के सामने रंजू ऑटो मोबाइल के सीसीटीवी फुटेज की भी पुलिस ने जांच की.
चार अपराधी बैंक में घुसे थे, तीन थे बाहर
पुलिस के अनुसार बैंक के अंदर चार अपराधी घुसे थे. तीन अन्य अपराधी बैंक के बाहर अपने साथी की सुरक्षा के लिए तैनात थे. बैंक के बाहर रंजू ऑटोमोबाइल व पेट्रोल पंप के सीसीटीवी फुटेज में तीन युवकों को संदेहास्पद स्थिति में घंटों टहलते हुए देखा गया है. पुलिस बैंक के आसपास वेस्टर्न फार्म, पेट्रोल पंप के सीसीटीवी की जांच कर रही है. नया मोड़ में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है.
प्रोफेशनल गैंग पर शक की सूई : जांच के शुरुआती दौर में पुलिस को प्रोफेशनल शातिर गैंग पर शक है. जिस तरह घटना को अंजाम दिया गया है, उससे साफ होता है कि अपराधी को बैंक व लॉकर की तकनीकी रूप से पूरी जानकारी थी. अपराधियों ने लॉकर के उसी भाग को काटा है, जहां लॉक होने का सारा सिस्टम रहता है. पुलिस आशंका व्यक्त कर रही है कि अपराधियों ने बैंक शाखा की रेकी की होगी.
