रांची. जीवित प्रीति की हत्या के मामले में जेल में बंद अमरजीत कुमार शुक्रवार को पुलिस की सुरक्षा में रामलखन सिंह यादव कॉलेज में बीए पार्ट-टू की परीक्षा देने पहुंचा. उसे एडमिट कार्ड देने भाई मुरारी कुमार पहुंचा था.
भाई को देखते ही अमरजीत रोने लगा. अमरजीत भाई से लिपट कर रोते हुए कह रहा था.जब उसे पुलिस ने निर्दोष घोषित कर दिया, तब वह जेल से क्यूं नहीं निकल पा रहा है.
उसे जेल में और कब तक रहना पड़ेगा. मुरारी कुमार ने उसे समझाया. इसके बाद अमरजीत परीक्षा देने कॉलेज के अंदर चला गया. अमरजीत ने कहा: जब पुलिस ने उसे प्रीति की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया था, तब उसने पुलिस को बताया था कि वह निदरेष है, लेकिन पुलिस ने एक न सुनी. अमरजीत को परीक्षा देने के लिए कॉलेज में अलग से व्यवस्था की गयी थी. परीक्षा समाप्त होने के बाद सुरक्षाकर्मी उसे वापस लेकर होटवार जेल चले गये.
