फल्गु नदी में अब सालों भर रहेगा पानी, बिहार कैबिनेट से योजना को मिली हरी झंडी

राज्य सरकार ने गया के फल्गू नदी के बायें तट पर विष्णुपद मंदिर के आसपास के इलाकों में पूरे वर्ष पानी उपलब्ध कराने की योजना को मंजूर करते हुए 334.83 करोड़ खर्च किये जाने की मंजूरी दी है. साथ ही विष्णुपद मंदिर के पास बन रहे रबड़ डैम के इर्द गिर्द इलाके में जल जमाव दूर करने की योजना को मंजूरी दी है.

पटना. राज्य सरकार ने गया के फल्गू नदी के बायें तट पर विष्णुपद मंदिर के आसपास के इलाकों में पूरे वर्ष पानी उपलब्ध कराने की योजना को मंजूर करते हुए 334.83 करोड़ रुपये खर्च किये जाने की मंजूरी दी है. इसके साथ ही विष्णुपद मंदिर के पास बन रहे रबड़ डैम के इर्द गिर्द इलाके में जल जमाव दूर करने की योजना को मंजूरी दी है.

जल संसाधन विभाग इस कार्य को करायेगा

जल संसाधन विभाग इस कार्य को करायेगा. राज्य कैबिनेट की बैठक में मंगलवार को इस योजनाको मंजूरी प्रदान की गयी. कैबिनेट ने नमामि गंगे परियोजना के लिए रोहतास जिले के डिहरी आन सोन में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के लिए 67.27 करोड़ रुपये खर्च करने की मंजूरी दी है. इसमें 63.89 करोड़ रुपये केंद्रांश के रूप में होगा और बाकी की तीन करोड़ 39 लाख रुपये की राशि राज्य सरकार राज्यांश के रूप में देगी.

राज्य कैबिनेट ने दी मंजूरी

राज्य कैबिनेट की मंगलवार को हुई बैठक में इसकी मंजूरी दी गयी. बिहार परिवार न्यायलय नियमावली में भी बदलाव को मंजूरी दी गयी है.पूर्ववर्ती बिहार के राज्य विद्युत बोर्ड के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अनफंडेड टर्मिनल बेनिफिट दायित्व के तहत 31 टक्तूबर, 2010 तक की अवधि के लिए 757.63 करोड़ रुपये बिहार स्टेट पावर होल्डिंग कंपनी को तीन किश्तों में दिये जाने की मंजूरी दी गयी.

498.55 करोड़ रुपये तार बदलने के लिए मंजूर

बिजली तार बदलने व आधुनिकीकरण योजना के लिए 498.55 करोड़ रुपये मंजूर किये गये. इसके साथ ही पश्चिम चंपारण के बगहा, गया के भाेरे और बाराचट्टी, औरंगाबाद के दाउदनगर में नयी क्षमता वाली सबग्रिड के निर्माण की भी मंजूरी दी गयी. पीएचइडी के शोध कर्मियों की सेवा संवर्ग में सुधार लाने के लिए बिहार राज्यलोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग शोध संवर्ग नियमावली 2022 को मंजूरी दी गयी.

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Published by: Prabhat khabar news desk

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