सुपौल. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद जिला इकाई द्वारा स्थानीय धतालदास ठाकुरबाड़ी मंदिर परिसर में जिला संयोजक राजेश कुमार के नेतृत्व में हवन कार्यक्रम का आयोजन किया गया. यह हवन भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय, मधेपुरा में मनोविज्ञान विभाग द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सेमिनार में बांग्लादेश के स्कॉलर्स को आमंत्रित किए जाने के विरोध में किया गया. हवन कार्यक्रम के माध्यम से विश्वविद्यालय के कुलपति को सद्बुद्धि प्रदान करने की कामना की गई. अभाविप कार्यकर्ताओं का कहना था कि राष्ट्रविरोधी मानसिकता वाले देशों के वक्ताओं को आमंत्रित करना विश्वविद्यालय और समाज दोनों के लिए घातक है. इस अवसर पर प्रांत कार्यकारिणी सदस्य पूजा कुमारी ने कहा कि अभाविप का स्पष्ट मत है कि जिहादी और राष्ट्रविरोधी सोच वाले वक्ताओं को समाजवाद की धरती पर कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने आरोप लगाया कि कुलपति द्वारा बांग्लादेशी वक्ताओं को बुलाने वाले जिम्मेदार पदाधिकारियों पर न तो कोई जांच कराई गई और न ही दोषियों पर कार्रवाई हुई. बल्कि उल्टे पूरे सेमिनार को ही बंद कर दिया गया. जो कुलपति के मानसिक असंतुलन को दर्शाता है. उन्होंने स्पष्ट किया कि अभाविप सेमिनार का विरोध नहीं, बल्कि बांग्लादेश और फिलिस्तीन जैसे देशों से बुलाए गए वक्ताओं का विरोध कर रही है. वहीं कार्यकर्ता दिव्या कुमारी ने कहा कि कोशी क्षेत्र समाजवाद की धरती रहा है. मंडल विश्वविद्यालय को किसी भी प्रकार की विभाजनकारी नीतियों या कट्टरपंथी विचारधाराओं का अड्डा नहीं बनने दिया जाएगा. कार्यक्रम में प्रांत सह मंत्री शिवजी कुमार, प्रांत कार्यसमिति सदस्य भावेश झा, प्रांत कार्यकारिणी सदस्य रंजीत झा, किशोर कुमार, रोशन कुमार, मनीष और शोभित सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे.
बीएमएमयू में बांग्लादेशी वक्ताओं के आमंत्रण के विरोध में अभाविप का हवन, कुलपति को ‘सद्बुद्धि’ देने की कामना
मंडल विश्वविद्यालय को किसी भी प्रकार की विभाजनकारी नीतियों या कट्टरपंथी विचारधाराओं का अड्डा नहीं बनने दिया जाएगा
