सुपौल. एक प्राइवेट स्कूल में शुक्रवार को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर कृष्ण जन्मोत्सव धूमधाम और उल्लास के साथ मनाया गया. कार्यक्रम को लेकर विद्यालय परिसर में उत्सवी माहौल रहा. नन्हे-मुन्ने बच्चों ने भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप को झांकी के माध्यम से प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया. बाल गोपाल के रूप में सजे बच्चों की मनमोहक प्रस्तुतियों से पूरा परिसर कृष्णमय नजर आया.
मटकी फोड़ कार्यक्रम में बच्चों ने लिया उत्साह से हिस्सा
जन्मोत्सव के दौरान बच्चों ने उत्साहपूर्वक मटकी फोड़ कार्यक्रम में भी भाग लिया. बाल गोपाल के रूप में सजे बच्चों की प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए. शिक्षक-शिक्षिकाओं ने बच्चों को माखन-मिश्री खिलाकर श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप का आनंद लिया. पूरे कार्यक्रम के दौरान बच्चों में खासा उत्साह और उमंग देखने को मिली.
संस्कृति और परंपराओं से नई पीढ़ी को जोड़ना जरूरी
विद्यालय की प्राचार्या बीना पॉल ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि भारत विभिन्नताओं में एकता वाला देश है. देश की संस्कृति और परंपराएं हमारी समृद्ध विरासत हैं. इन्हें सुरक्षित रखना और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति से परिचित कराना हम सभी का कर्तव्य है. उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से बच्चों को भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं को करीब से समझने का अवसर मिलता है.
संस्कारों से बच्चों में विकसित होती है सकारात्मक सोच
विद्यालय के निदेशक डॉ. विजय कुमार ने कहा कि अपनी संस्कृति और धर्म से जुड़ाव बच्चों में अच्छे संस्कारों का विकास करता है. संस्कारवान बच्चे सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ते हैं. विद्यालय में शिक्षा के साथ-साथ बच्चों के सर्वांगीण विकास पर भी ध्यान दिया जाता है.
संस्कृति और परंपरा से जुड़ाव विद्यालय का उद्देश्य
विद्यालय के चेयरमैन डॉ. राधेश्याम यादव ने कहा कि विद्यालय का उद्देश्य बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ उन्हें देश की संस्कृति, परंपरा और संस्कारों से भी परिचित कराना है. उन्होंने कहा कि कृष्ण जन्मोत्सव जैसे कार्यक्रम बच्चों में अपनी सांस्कृतिक जड़ों के प्रति जुड़ाव पैदा करते हैं.
शिक्षक-शिक्षिकाओं और राधेश्याम परिवार की रही सहभागिता
कार्यक्रम में विद्यालय परिवार के शशिभूषण दिवाकर, विकास बारुई, अभिलाष सौरव, रूपक पांडेय, सुनील यादव, राकेश कुमार, प्रदीप शर्मा, कुमार गौरव, शेखर झा, रंजीत झा, सूरज तिवारी, अरिन्दम रौल, राज कुमार, राजीव दास, संजीव कुमार, लक्ष्य लोचन, साकेत कुमार, सौरव सामन्ता, राम तिवारी, गुड़िया कुशवाहा, सुनीता कुमारी, पूनम तमांग, मधु कुमारी, संगीता लकरा, जूही झा, कोमल कुमारी, निशा कुमारी, आदर्श द्विवेदी, पूनम पांडेय, कंचन कुमारी, अंशु झा, प्रीतम, चन्दा, संजीत, शकुन्तला, राजेश सहित अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं राधेश्याम परिवार के सदस्य मौजूद रहे.
बच्चों की खुशी से गूंजता रहा विद्यालय परिसर
कार्यक्रम के समापन पर विद्यालय परिसर में बच्चों की खुशी और उत्साह देखते ही बन रहा था. कृष्ण जन्मोत्सव के माध्यम से बच्चों ने जहां भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप की झांकी और सांस्कृतिक गतिविधियों में हिस्सा लिया, वहीं उन्हें भारतीय संस्कृति, परंपरा और संस्कारों से जुड़ने का अवसर भी मिला.