सुपौल में शारदीय खरीफ कर्मशाला में किसानों को मिली योजनाओं की जानकारी

Kharif Workshop Supaul: प्रतापगंज में आयोजित शारदीय खरीफ कर्मशाला में किसानों को कृषि विभाग की योजनाओं, आधुनिक खेती, बीज उपलब्धता और केला-बागवानी खेती के लाभों की जानकारी दी गई.

प्रतापगंज (सुपौल) से सरोज कुमार महतो की रिपोर्ट:

Kharif Workshop Supaul: प्रखंड के ई-किसान भवन सभागार में शुक्रवार को प्रखंड स्तरीय शारदीय खरीफ कर्मशाला का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी अमरेश कुमार मिश्रा ने की. कार्यशाला का उद्घाटन बीडीओ अमरेश कुमार मिश्रा, कृषि वैज्ञानिक डॉ. मिथिलेश कुमार राय, प्रखंड उद्यान पदाधिकारी रविकांत कुमार, प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रियांशु राज, प्रखंड कृषि समन्वयक अरविंद कुमार, सुभाष चंद्र मरीक एवं सत्य नारायण प्रसाद ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया.

किसानों को बताई गईं कृषि विभाग की योजनाएं

कार्यक्रम के दौरान कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी किसानों को दी गई. बीडीओ अमरेश कुमार मिश्रा एवं प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रियांशु राज ने फार्मर रजिस्ट्री, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, बीज अनुदान योजना, मृदा जांच योजना, बिहार कृषि एप सहित अन्य योजनाओं के लाभ और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी दी.

कृषि वैज्ञानिक ने बताए फसलों की समस्याओं के समाधान

कृषि वैज्ञानिक डॉ. मिथिलेश कुमार राय ने किसानों से संवाद करते हुए वर्तमान में खेतों में लगी फसलों की समस्याओं और उनके वैज्ञानिक समाधान पर विस्तार से चर्चा की. उन्होंने किसानों को मौसम के अनुरूप खेती करने और उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाने की सलाह दी.

केला और बागवानी खेती में बेहतर आय की संभावना

प्रखंड उद्यान पदाधिकारी रविकांत कुमार ने किसानों को बागवानी आधारित खेती की ओर अग्रसर होने के लिए प्रेरित किया. उन्होंने कहा कि प्रतापगंज क्षेत्र में केले की खेती की अपार संभावनाएं हैं. यहां आवश्यक संसाधन और बाजार दोनों उपलब्ध हैं. केला एक लाभकारी नकदी फसल है, जिससे किसानों को बेहतर मुनाफा मिल सकता है.

उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा किसानों को आम के पौधे भी उपलब्ध कराए जाएंगे तथा निर्धारित अनुदान राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी जाएगी.

धान, मक्का और अरहर बीज का होगा वितरण

प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रियांशु राज ने बताया कि जिले से धान, मक्का एवं अरहर बीज का आवंटन प्राप्त हो चुका है. बीज उपलब्ध होते ही किसानों के बीच वितरण किया जाएगा, ताकि समय पर बुवाई सुनिश्चित हो सके.

वैज्ञानिक खेती से बढ़ेगी किसानों की आय

कार्यशाला में अधिकारियों ने किसानों से आधुनिक कृषि तकनीकों, जैविक खाद के उपयोग तथा सरकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की. उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक खेती और गुणवत्तापूर्ण बीजों के उपयोग से किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि संभव है.

कार्यक्रम में प्रखंड आत्मा अध्यक्ष कमलेश्वरी मैरता, एटीएम दिवाकर शर्मा, लेखापाल रंजीत कुमार, हरिहर यादव, ललन मंडल, ललित चौधरी, सभी किसान सलाहकारों सहित बड़ी संख्या में किसान एवं कृषि विभाग के कर्मी उपस्थित थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Shruti Kumari

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >