Supaul News: छातापुर में एक मां के लिए जिंदगी का सबसे दर्दनाक इंतजार बन गई. मां हाट से खरीदारी करने गई थी और उसका नौ वर्षीय बेटा बमशंकर कुमार नदी किनारे बैठकर उसके लौटने का इंतजार कर रहा था. दूर से जैसे ही उसे मां आती दिखाई दी, वह दूसरे बच्चों के साथ नदी पार कर उसके पास जाने लगा. लेकिन मां तक पहुंचने की कोशिश में गैडा नदी का तेज बहाव उसे गहरे पानी में ले गया.
छातापुर थाना क्षेत्र के नरहैया के समीप हुई इस घटना में बमशंकर की डूबने से मौत हो गई. रातभर ग्रामीण और परिजन नदी में उसकी तलाश करते रहे, लेकिन उसका पता नहीं चल सका. रविवार की सुबह बेलापट्टी के समीप मछुआरों के लगाए जाल में एक बालक का शव फंसा मिला. परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो शव की पहचान बमशंकर के रूप में हुई.
मां को आते देख नदी पार करने लगा था बमशंकर
मृतक बमशंकर कुमार लक्ष्मीपुर खूंटी पंचायत के वार्ड नंबर एक निवासी सुधीर साह का नौ वर्षीय पुत्र था. वह नरहैया के बिंदेश्वरी राम टोला स्थित स्कूल में चौथी कक्षा का छात्र था और दो भाइयों में बड़ा था.
बताया गया कि शनिवार को उसकी मां सबीता देवी हाट में खरीदारी करने छातापुर गई थीं. मां के लौटने के इंतजार में बमशंकर नदी के इस पार किनारे बैठा था.
इसी दौरान छातापुर की ओर से मां को वापस आते देखकर बमशंकर अपने कुछ अन्य साथियों के साथ नदी के उस पार जाने लगा. बच्चों ने नदी पार करने की कोशिश शुरू की, लेकिन बीच नदी में तेज बहाव की चपेट में आ गए और गहरे पानी में चले गए.
बच्चों को डूबता देख मचा हड़कंप
बच्चों को नदी में डूबता देखकर आसपास मौजूद ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई. लोगों ने शोर मचाया और मौके पर पहुंचकर बच्चों को बचाने का प्रयास शुरू किया.
ग्रामीणों ने कई बच्चों को पानी से बाहर निकाल लिया, लेकिन बमशंकर का कहीं पता नहीं चल सका. इसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई. ग्रामीण देर रात तक नदी में उसे खोजते रहे, लेकिन अंधेरा होने के कारण सफलता नहीं मिली.
घटना की सूचना मौके से अंचल अधिकारी और थाना को भी दी गई. रात गुजरने के साथ परिवार की चिंता और बढ़ती गई. किसी को यह उम्मीद थी कि शायद बमशंकर कहीं सुरक्षित मिल जाए, लेकिन रविवार की सुबह जो खबर मिली, उसने पूरे परिवार को तोड़ दिया.
मछुआरों के जाल में फंसा मिला शव
रविवार की सुबह परिजन और ग्रामीणों को जानकारी मिली कि बेलापट्टी के समीप नदी में मछुआरों द्वारा लगाए गए जाल में एक बालक का शव फंसा हुआ है.
सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण बेलापट्टी पहुंचे. वहां शव की पहचान बमशंकर कुमार के रूप में हुई. शव को नदी से निकालकर घर लाया गया.
बेटे की मौत की खबर मिलते ही मां सबीता देवी का रो-रोकर बुरा हाल हो गया. जिस बेटे के लौटने का इंतजार वह हाट से खरीदारी कर वापस आने के दौरान कर रही थी, वही बेटा अब उसके सामने नहीं था. घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है.
मजदूरी करने बाहर गया है पिता
परिजनों ने बताया कि बमशंकर के पिता सुधीर साह मजदूरी करने बाहरी प्रदेश गए हुए हैं. बेटे की मौत की जानकारी मिलते ही वह घर लौटने के लिए निकल चुके हैं.
परिवार के लिए यह हादसा इसलिए भी बेहद पीड़ादायक है क्योंकि बमशंकर दो भाइयों में बड़ा था और अभी महज नौ साल की उम्र में चौथी कक्षा में पढ़ रहा था.
Supaul News: पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
घटना की जानकारी मिलने के बाद छातापुर थानाध्यक्ष प्रमोद झा मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सुपौल भेज दिया.
थानाध्यक्ष प्रमोद झा ने बताया कि नदी में डूबने से एक बच्चे की मौत की सूचना मिली थी. पुलिस ने घटनास्थल पर जाकर मामले की जानकारी ली है. शव को पोस्टमार्टम के लिए सुपौल भेजा गया है और आवश्यक कार्रवाई की जा रही है.
नदी में हुए इस हादसे ने एक परिवार से उसका मासूम बेटा छीन लिया. मां के लौटने का इंतजार कर रहा बमशंकर उसे देखने के लिए नदी पार करने निकला था, लेकिन तेज बहाव ने उसकी जिंदगी ही छीन ली.
