नरसिंह मंदिर में श्रद्धा व उत्साह के साथ मना 20वां फाल्गुन महोत्सव

प्रखंड क्षेत्र के गणपतगंज स्थित ऐतिहासिक नरसिंह मंदिर परिसर में शुक्रवार की रात 20वां फाल्गुन महोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया

राघोपुर प्रखंड क्षेत्र के गणपतगंज स्थित ऐतिहासिक नरसिंह मंदिर परिसर में शुक्रवार की रात 20वां फाल्गुन महोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया. हर वर्ष की तरह इस बार भी आयोजन को लेकर क्षेत्र के लोगों में खासा उत्साह देखा गया. मंदिर परिसर को आकर्षक सजावट और रंग-बिरंगी रोशनी से सुसज्जित किया गया था, जिससे वातावरण भक्तिमय हो उठा. कालाकारों की प्रस्तुति पर भाव विभोर हुए श्रोता महोत्सव के तहत शुक्रवार रात करीब आठ बजे भक्ति ज्योत जागरण कार्यक्रम की शुरुआत हुई. इस दौरान सीतामढ़ी, मधुबनी, विराटनगर, सुपौल और सिलीगुड़ी से आए कलाकारों ने भजन और जागरण गीतों की प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया. देर रात तक भक्तजन भक्ति गीतों पर झूमते रहे. फूलों की होली ने माहौल में विशेष आकर्षण जोड़ा, जहां श्रद्धालुओं ने एक-दूसरे पर फूल बरसाकर प्रेम और सद्भाव का संदेश दिया. निकाली गयी निशान यात्रा शनिवार सुबह आठ बजे राधा-कृष्ण ठाकुरबाड़ी, गणपतगंज से कलश यात्रा सह निशान यात्रा निकाली गई. इसमें बड़ी संख्या में महिलाएं और पुरुष शामिल हुए. महिलाएं पारंपरिक परिधान में सिर पर कलश रखकर भक्ति गीत गाती चल रही थी, जबकि पुरुष हाथों में ध्वज लेकर आस्था के साथ यात्रा में सम्मिलित हुए. यात्रा बाजार के मुख्य मार्गों से गुजरते हुए पुनः नरसिंह मंदिर परिसर पहुंचकर संपन्न हुई. आयोजन समिति के सदस्य राजेश अग्रवाल ने बताया कि फाल्गुन महोत्सव का यह 20वां वर्ष है, जो इसकी लोकप्रियता और निरंतरता का प्रतीक है. उन्होंने कहा कि हर साल श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ रही है और आयोजन का स्वरूप अधिक भव्य होता जा रहा है. इस बार भी बिहार के विभिन्न जिलों से सैकड़ों लोग विशेष रूप से शामिल होने पहुंचे. महा प्रसाद का किया गया वितरण मंदिर के मुख्य पुजारी विनय झा ने बताया कि इस अवसर पर श्रद्धालु अपनी मनोकामनाएं भगवान के समक्ष रखते हैं. उनका कहना है कि सच्ची श्रद्धा से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है और कई भक्तों ने अपने अनुभव साझा किए हैं. महोत्सव के समापन के बाद शनिवार को महाप्रसाद का वितरण किया गया. जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया. पूरे आयोजन के दौरान व्यवस्था और अनुशासन बनाए रखने में स्थानीय युवाओं और समिति सदस्यों का सराहनीय योगदान रहा. कार्यक्रम के सफल आयोजन में प्रहलाद राय मोहनका, दीनानाथ अग्रवाल, संदीप अग्रवाल, बंटी अग्रवाल, श्यामसुंदर अग्रवाल, गोपाल चांद, दीपक कुमार, शंभु अग्रवाल, श्रवण भरतिया और चेतन शर्मा सहित अन्य ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

RAJEEV KUMAR JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >