राघोपुर (सुपौल). धरहरा स्थित प्रसिद्ध बाबा भीमशंकर मंदिर में सावन माह और श्रावणी मेले को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है. मंदिर के पदेन अध्यक्ष सह वीरपुर एसडीएम विनय कुमार के निर्देश पर श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए व्यापक तैयारियां की गई हैं. मंदिर परिसर में बैरिकेडिंग, टेंट, पेयजल, प्रसाद दुकानों और सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप दिया जा रहा है.
प्रतिदिन हो रही तैयारियों की समीक्षा
Bhimshankar Temple Shravani Mela 2026: सावन मेले की तैयारियों की प्रतिदिन समीक्षा वीरपुर एसडीएम विनय कुमार और राघोपुर अंचलाधिकारी सह मंदिर न्यास समिति की उपाध्यक्ष रश्मि प्रिया द्वारा की जा रही है. दोनों अधिकारी मंदिर परिसर का निरीक्षण कर बैरिकेडिंग, टेंट, फूल एवं प्रसाद विक्रेताओं, होटल, पेयजल और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं. मंदिर न्यास समिति के सचिव संजीव यादव, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र चौधरी सहित अन्य सदस्य भी तैयारियों में जुटे हैं.
प्रवेश और निकास मार्ग में किया गया बदलाव
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए इस बार प्रवेश और निकास व्यवस्था में बदलाव किया गया है. श्रद्धालुओं का प्रवेश हाथी गेट से होगा. वहां से वे पार्वती मंदिर के पीछे स्थित शिवगंगा पहुंचेंगे, जहां जल भरने के बाद महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतारों की व्यवस्था की गई है. जलाभिषेक के बाद श्रद्धालु दक्षिणी द्वार से बाहर निकलते हुए पार्वती, विष्णु और भैरव मंदिर के दर्शन कर हटिया गेट से बाहर जाएंगे.
दुकानों और सुविधाओं का किया गया सुव्यवस्थित निर्धारण
भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए शिवगंगा के समीप फूल विक्रेताओं, विश्वकर्मा मंदिर के सामने चंदन-तिलक काउंटर तथा दुर्गा मंदिर के सामने प्रसाद एवं पूजन सामग्री की दुकानों की व्यवस्था की गई है. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए नए शौचालय, स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई और दिशा-सूचक सूचना बोर्ड भी लगाए जा रहे हैं.
सुरक्षा के रहेंगे कड़े इंतजाम
मेले के दौरान सभी प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग, दंडाधिकारियों और पुलिस बल की तैनाती रहेगी. मंदिर के मुख्य प्रवेश मार्ग पर वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा और श्रद्धालुओं को पैदल ही मंदिर तक पहुंचना होगा. हाथी गेट और हटिया गेट पर विशेष निगरानी रखी जाएगी.
20 से अधिक सीसीटीवी कैमरों से होगी निगरानी
Bhimshankar Temple Shravani Mela 2026: श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए मंदिर परिसर में 20 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. इसके अलावा 24 घंटे मेडिकल टीम, अग्निशमन दल और लगातार उद्घोषणा की व्यवस्था भी की गई है. प्रशासन ने श्रद्धालुओं से निर्धारित मार्ग का पालन करने और व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है.
