10 बजे खुल, अपराह्न दो बजे ही आम लोगों के लिए हो गया बंद
सिमराही : सरकार के निर्देश के बावजूद डाकघर की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं. एक तरफ प्रधानमंत्री द्वारा 500 व एक हजार के नोटों के प्रचलन को बंद किये जाने के उपरांत सभी डाकघरों को भी निर्देश दिया गया कि उनके कार्यालय पहुंचने वाले ग्राहकों को समुचित तरीके से सुविधा उपलब्ध करायी जाय, लेकिन राघोपुर प्रखंड में संचालित डाकघर का आलम यह है कि डाक बाबू सरकारी निर्देश को ठेंगा दिखा कर मनमाने तरीके से कार्यालय का संचालन कर रहे हैं. मंगलवार को कुछ ऐसी ही स्थिति उक्त डाकघर में देखी गयी.
डाक प्रबंधन द्वारा राघोपुर पोस्ट ऑफिस को समयानुसार सुबह 10 बजे खोला और अपराह्न दो बजे ही आम लोगों के लिए डाकघर बंद हो गया. कार्यालय के बंद की सूचना पर जब प्रभात खबर की टीम पोस्टऑफिस पहुंची, तो कार्यालय को आम पब्लिक के लिए बंद देख कर पोस्टमास्टर किरण यादव से इसका कारण पूछा. इस पर उन्होंने बताया कि पोस्ट ऑफिस विभाग में दो बजे तक ही राशि जमा लेने का आदेश प्राप्त है. इस कारण आमलोगों को कार्यालय से बाहर निकाल कर ऑफिस का आवश्यक कार्य करवा रहे हैं.
डाक व्यवस्था से परेशान हैं उपभोक्ता
स्थानीय अर्जुन भदानी, राधा देवी, संतोष कुमार, मोहन माधोगरिया आदि दर्जनों लोगों ने कहा कि 500 व एक हजार के नोटों के बंद किये जाने की सूचना पर वे लोग पुराने नोट को जमा व एक्सचेंज कराने के लिए डाक घर पहुंचे थे. बताया कि एकाएक लिये गये फैसले के कारण प्रतिदिन सैंकड़ों लोग कतारबद्ध होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहते हैं, ताकि उनके समक्ष उपजी समस्या का समाधान एक दिन में ही हो जाये, लेकिन डाक प्रबंधन द्वारा मंगलवार को बगैर पूर्व सूचना दिये जमा व निकासी का कार्य बंद कर दिया गया. बताया कि घंटों से कतारबद्ध लोग जब पोस्टमास्टर से आग्रह करने लगे, तो उन्होंने आवेशित होकर कहा कि जहां शिकायत करना है, कर सकते हैं.
