त्रिवेणीगंज : समुचित संसाधन व कर्मियों के अभाव के कारण रेफरल अस्पताल की स्थिति बदतर बनी हुई है. गौरतलब हो कि इस रेफरल अस्पताल में तीन लैब तकनीशियन का पद स्वीकृत है. बावजूद इसके विभागीय उदासीनता के कारण एक भी लैब तकनीशियन का पदस्थापन नहीं कराया गया है. इसका खामियाजा मरीजों को ही भुगतना पड़ता है. सरकारी चिकित्सा का लाभ लेने आये मरीजों को आर्थिक दोहन का भी सामना करना पड़ रहा है.
तकनीशियन व उपस्करों से जूझ रहा रेफरल अस्पताल
त्रिवेणीगंज : समुचित संसाधन व कर्मियों के अभाव के कारण रेफरल अस्पताल की स्थिति बदतर बनी हुई है. गौरतलब हो कि इस रेफरल अस्पताल में तीन लैब तकनीशियन का पद स्वीकृत है. बावजूद इसके विभागीय उदासीनता के कारण एक भी लैब तकनीशियन का पदस्थापन नहीं कराया गया है. इसका खामियाजा मरीजों को ही भुगतना पड़ता […]

मरीजों की जांच में हो रही परेशानी
अस्पताल में लैब तकनीशियन के अभाव के कारण मरीजों के विभिन्न प्रकार के ब्लड सहित अन्य जांच कार्य में परेशानी हो रही है. आलम यह है कि जांच का कार्य यक्ष्मा विभाग में पदस्थापित तकनीशियन द्वारा यक्ष्मा रोग के बलगम की जांच विभाग द्वारा करायी गयी किट से कराया जाता है, लेकिन उक्त किट के रख-रखाव को लेकर अस्पताल में समुचित सुविधा उपलब्ध नहीं कराया गया है. यक्ष्मा विभाग के कर्मियों ने बताया कि किट के समुचित रख रखाव को लेकर रेफरल अस्पताल में फ्रीज की व्यवस्था कराया जाना आवश्यक है.
उपस्कर का अभाव जूझ रहा जांच मशीन: अस्पताल में ब्लड सुगर, कॉलेस्ट्रोल, सीरम बिलुरुबीन, कियटनीन सीरम, ब्लड यूरिया सहित अन्य जांच को लेकर विभाग द्वारा सेमी ऑटो एनेलाइजर मशीन उपलब्ध करा दिया गया है, लेकिन स्थानीय विभाग द्वारा उपस्कर व कर्मियों के पदस्थापन नहीं किये जाने के कारण जांच मशीन बेकार साबित हो रहा है.
कहते हैं चिकित्सक: प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ इंद्रदेव यादव ने बताया कि अस्पताल में लैब तकनीशियन के पदस्थापन व उपस्कर उपलब्ध कराये जाने को लेकर विभाग को जानकारी भेज दी गयी है.