नुक्कड़ नाटक में 18 जीएनएम छात्राओं ने लिया हिस्सा

विश्व कैंसर जागरूकता सप्ताह के अवसर पर सदर अस्पताल में नुक्कड़ नाटक का आयोजन

– विश्व कैंसर जागरूकता सप्ताह के अवसर पर सदर अस्पताल में नुक्कड़ नाटक का आयोजन -यूनाइटेड बाय यूनिक थीम के साथ कैंसर के खिलाफ एकजुटता का संदेश -तंबाकू के दुष्प्रभावों पर दिया गया जोर सुपौल. विश्व कैंसर जागरूकता सप्ताह (04 फरवरी से 11 फरवरी 2026) के अवसर पर सदर अस्पताल में विश्व कैंसर दिवस 2026 के तहत शनिवार को एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस दौरान यूनाइटेड बाय यूनिक थीम पर आधारित एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया, जिसका उद्देश्य आम लोगों को कैंसर के प्रति जागरूक करना और यह संदेश देना था कि हर व्यक्ति की कैंसर यात्रा भले ही अलग हो, लेकिन कैंसर के खिलाफ लड़ाई में हम सभी एकजुट हैं. कार्यक्रम में सदर अस्पताल में इलाज के लिए आए मरीजों उनके परिजनों और अस्पताल कर्मियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया. नुक्कड़ नाटक और संवादात्मक सत्र के माध्यम से कैंसर की रोकथाम, प्रारंभिक पहचान और स्वस्थ जीवनशैली के महत्व को सरल भाषा में समझाया गया. कैंसर क्या है, इसके कारण और शुरुआती लक्षणों पर दी गई जानकारी कार्यक्रम के दौरान जीएनएम नर्सिंग छात्रों द्वारा मरीजों और आमजनों को ओरल कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर और सर्वाइकल कैंसर के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई. बताया गया कि कैंसर क्या है, इसके प्रमुख कारण कौन-कौन से हैं और किन शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. छात्रों ने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि कैंसर की प्रारंभिक पहचान और समय पर जांच से इस बीमारी को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है. साथ ही, नियमित स्वास्थ्य जांच, संतुलित आहार, शारीरिक गतिविधि और तंबाकू से दूरी जैसे निवारक उपायों को अपनाने की अपील की गई. बैनर व चित्रात्मक उदाहरणों से समझाया गया संदेश कार्यक्रम को और प्रभावी बनाने के लिए बैनर, पोस्टर और चित्रात्मक उदाहरणों का सहारा लिया गया. दृश्य साधनों के माध्यम से यह बताया गया कि तंबाकू, गुटखा, सिगरेट और अन्य नशीले पदार्थ किस तरह शरीर को नुकसान पहुंचाते हैं और कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का कारण बनते हैं. मरीजों ने भी इन माध्यमों के जरिए दी गई जानकारी को आसानी से समझा. इस जागरूकता कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा नुक्कड़ नाटक, जिसमें जीएनएम संस्थान के 18 छात्रों ने भाग लिया. नाटक के माध्यम से तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया. नुक्कड़ नाटक में यह दिखाया कि किस तरह तंबाकू न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि पूरे परिवार और समाज को भी प्रभावित करता है. नाटक में यह भी संदेश दिया गया कि युवा वर्ग अगर समय रहते तंबाकू और नशे से दूर नहीं हुआ, तो उसका भविष्य अंधकारमय हो सकता है. उपस्थित लोगों ने नाटक की सराहना करते हुए इसे बेहद प्रेरणादायक बताया. कार्यक्रम का नेतृत्व कर रहीं डॉ अलका और डॉ निशा भारती ने कहा कि तंबाकू केवल कैंसर ही नहीं, बल्कि हृदय रोग, फेफड़ों की गंभीर बीमारियों और कई अन्य जानलेवा समस्याओं का भी कारण बनता है. आज जरूरत है कि हम खुद भी तंबाकू से दूर रहें और दूसरों को भी इसके सेवन से रोकें. उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नशे से दूर रहे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

RAJEEV KUMAR JHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >