Siwan News (मनीष गिरी): नगर परिषद सीवान में पर्याप्त संख्या में सफाई कर्मियों की उपलब्धता के बावजूद शहर की सफाई व्यवस्था खराब होने का आरोप लगाते हुए वार्ड संख्या-27 के नगर पार्षद अमित कुमार ने उच्चस्तरीय जांच की मांग की है. उन्होंने मुख्यमंत्री, नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव तथा जिलाधिकारी को आवेदन भेजकर सफाई व्यवस्था की वास्तविक स्थिति की जांच कराने का आग्रह किया है.
पार्षद ने आवेदन में कहा है कि उनके वार्ड सहित नगर परिषद के विभिन्न वार्डों में नियमित कूड़ा उठाव, नालियों की सफाई और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता व्यवस्था प्रभावित है. कई जगहों पर कूड़ा जमा रहने और नालियों की नियमित सफाई नहीं होने से नागरिकों को परेशानी हो रही है.
करीब 900 सफाई कर्मियों के काम करने का दावा
अमित कुमार ने आवेदन में कहा है कि नगर परिषद में एनजीओ के माध्यम से करीब 600 सफाई मजदूर तथा नगर परिषद के स्तर पर करीब 300 स्थायी एवं दैनिक मजदूर कार्यरत बताए जाते हैं. इसके बावजूद शहर की सफाई व्यवस्था खराब रहना गंभीर प्रशासनिक विषय है.
कर्मियों की संख्या और उपस्थिति की जांच की मांग
पार्षद ने एनजीओ के माध्यम से कार्यरत सफाई कर्मियों की वास्तविक संख्या, उनकी उपस्थिति, वार्डवार तैनाती और ड्यूटी स्थल का सत्यापन कराने की मांग की है. इसके साथ ही सफाई कार्य के नाम पर किए जा रहे भुगतान, बिल-वाउचर और उपस्थिति पंजी की भी जांच कराने का आग्रह किया है.
उन्होंने वार्ड संख्या-27 समेत पूरे नगर क्षेत्र में सफाई व्यवस्था की भौतिक जांच कराने की मांग की है. आवेदन में अधिकारियों की सफाई व्यवस्था की निगरानी और पर्यवेक्षण में भूमिका की भी जांच कराने का अनुरोध किया गया है.
लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की मांग
अमित कुमार ने कहा है कि सरकारी संसाधनों और सफाई कार्य के लिए उपलब्ध राशि के उपयोग की भी जांच होनी चाहिए. यदि जांच में किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता सामने आती है, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए. साथ ही वार्डवार नियमित सफाई, कूड़ा उठाव और नालियों की सफाई सुनिश्चित कराने की मांग की गई है.
