सीवान: समाहरणालय में सोमवार को जिला पदाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय की अध्यक्षता में जिला कौशल विकास समिति की बैठक आयोजित की गई. बैठक में विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर कौशल विकास कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी बनाने तथा युवाओं के लिए रोजगारोन्मुख प्रशिक्षण के नए अवसर विकसित करने पर विस्तार से चर्चा हुई.
विभागीय योजनाओं को मिशन से जोड़ने का निर्देश
जिला पदाधिकारी ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने विभागों की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए आवश्यकता अनुसार बिहार कौशल विकास मिशन के साथ समन्वय स्थापित करें. उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में कौशल प्रशिक्षण की आवश्यकता है, वहां मिशन के सहयोग से प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जाएं.
मोती पालन और पशुपालन प्रशिक्षण का प्रस्ताव
बैठक में जिला मत्स्य पदाधिकारी ने जिले में मोती पालन (पर्ल फार्मिंग) के लिए कौशल प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने का सुझाव दिया. वहीं जिला पशुपालन पदाधिकारी ने पशुपालन क्षेत्र में प्रशिक्षित युवाओं के लिए बिहार सरकार के माध्यम से प्रमाणन (सर्टिफिकेशन) की व्यवस्था करने का प्रस्ताव रखा.
आरपीएल केंद्रों की बनेगी समग्र योजना
जिला पदाधिकारी ने सभी सुझावों को शामिल करते हुए जिले में रिकग्निशन ऑफ प्रायर लर्निंग (आरपीएल) केंद्रों की स्थापना के लिए समग्र जिला कौशल विकास योजना तैयार कर बिहार कौशल विकास मिशन को भेजने का निर्देश दिया.
विदेशी भाषा प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने का सुझाव
बैठक में जिला नियोजन पदाधिकारी ने विदेश में रोजगार के इच्छुक युवाओं के लिए विदेशी भाषा प्रशिक्षण उपलब्ध कराने हेतु कौशल विकास केंद्र स्थापित करने का सुझाव भी दिया, ताकि जिले के युवाओं को अंतरराष्ट्रीय रोजगार के अवसर मिल सकें.
ये रहे मौजूद
बैठक में जिला नियोजन पदाधिकारी एवं समिति के सदस्य सचिव सुमित कुमार सिंह, श्रम अधीक्षक सुबोध कुमार, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य राहुल कुमार सिंह, जिला मत्स्य पदाधिकारी चंदन जैन, उद्योग विस्तार पदाधिकारी सहित समिति के अन्य सदस्य उपस्थित रहे.
