Samriddhi Yatra: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा का तीसरा दिन सीतामढ़ी के नाम रहा. जिले में मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत किया गया. मंच पर बड़ी भीड़ थी. लोगों में उत्साह साफ दिख रहा था. इस दौरान मुख्यमंत्री ने करीब 546 करोड़ रुपए की विकास योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया. इन योजनाओं में सड़क, पुल, बाढ़ नियंत्रण, आधारभूत सुविधाओं से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं.
सीएम नीतीश बोले- 2005 से पहले बिहार की स्थिति थी खराब
सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने अपने भाषण की शुरुआत बीते दौर की याद दिलाकर की. उन्होंने कहा कि 2005 से पहले बिहार की स्थिति बेहद खराब थी. लोग शाम के बाद घर से बाहर निकलने से डरते थे. कानून-व्यवस्था कमजोर थी. समाज में आए दिन विवाद होते थे. हिंदू-मुस्लिम झगड़े आम बात थे. शिक्षा की हालत ठीक नहीं थी. इलाज के लिए लोगों को दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता था.
लालू परिवार पर सीएम नीतीश ने बोला हमला
सीएम नीतीश ने इस दौरान लालू परिवार पर भी जमकर हमला बोला. उन्होंने कहा कि उनलोगों ने कोई काम नहीं किया. वो लोग गड़बड़ करता था. अपने हटा तो अपनी पत्नी को सीएम बना दिया. उन्होंने जनता से अपील की कि ये सब आपलोग याद रखिएगा.
नीतीश कुमार ने कहा कि जब उनकी सरकार बनी, तब प्राथमिकता साफ थी. कानून-व्यवस्था को मजबूत करना. विकास को जमीन तक पहुंचाना. उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने सड़क, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में बड़े काम किए. गांवों को सड़कों से जोड़ा गया. अस्पतालों में सुविधाएं बढ़ीं. स्कूलों की हालत सुधारी गई. बिजली हर घर तक पहुंचाने की कोशिश हुई.
बिहार में अब शांति है, माहौल बदला है- नीतीश कुमार
मुख्यमंत्री ने मंच से सवाल किया कि क्या आज बिहार में वैसा डर का माहौल है. क्या आज शाम के बाद लोग घर से निकलने से डरते हैं. उन्होंने कहा कि अब बिहार में शांति है. माहौल बदला है. विकास का रास्ता खुला है. यही वजह है कि आज बिहार आगे बढ़ रहा है.
अपने भाषण में मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा. उन्होंने बिना नाम लिए लालू यादव पर तंज कसते हुए कहा कि पहले सत्ता में रहने वाले लोग गड़बड़ी करते थे. जब हटाए गए, तो अपनी पत्नी को मुख्यमंत्री बना दिया. उन्होंने कहा कि बिहार की जनता सब देख चुकी है और सब समझती है.
सीएम ने शिवहर को दी 58 करोड़ की सौगात
सीतामढ़ी के बाद मुख्यमंत्री शिवहर पहुंचे. यहां भी विकास योजनाओं की सौगात दी गई. करीब 58 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली 103 योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि योजनाओं में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं हो. काम समय पर पूरा हो.
इससे पहले मुख्यमंत्री ने सीतामढ़ी में बागमती नदी पर बने नए पुल का उद्घाटन किया. यह पुल इलाके के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. इससे आवागमन आसान होगा. बाढ़ के समय लोगों को राहत मिलेगी. मुख्यमंत्री ने तटबंध पर चल रहे कार्यों का निरीक्षण भी किया और बाढ़ सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने के निर्देश दिए.
