अब फार्मर रजिस्ट्री के बगैर किसानों को नहीं मिलेगी पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ

किसानों को अब बगैर फार्मर रजिस्ट्री के पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिलेगा. कृषि विभाग ने इसे अनिवार्य कर दिया हैं.

डुमरा. किसानों को अब बगैर फार्मर रजिस्ट्री के पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिलेगा. कृषि विभाग ने इसे अनिवार्य कर दिया हैं. किसानों को ससमय व सुगमता पूर्वक सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके, इसके लिए विभाग सभी किसानों का डाटा डिजिटल रूप से संग्रहित करने के लिए फार्मर रजिस्ट्री बना रही हैं. एग्रीस्टैक के तहत फार्मर रजिस्ट्री के पहले चरण में जिले के सभी अंचलों के दो-दो राजस्व गांव का चयन किया गया था, लेकिन अब जिले के 492 राजस्व गांव में यह कार्यक्रम चलाया जा रहा हैं. जिसमें मुख्य रूप से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ प्राप्त करने वाले किसानों का फार्मर आईडी बनाया जा रहा हैं. इसमें अबतक 16614 किसानों का एफ़आर किया गया हैं. जबकि ई-केवाईसी पूर्ण किये 35468 किसानों का एफआर प्रक्रियाधीन हैं. विभाग के अनुसार जिले में पीएम किसान सम्मान निधि योजना का कुल लाभुक 230182 हैं. बताया गया हैं कि इसके लिए गांव में आयोजित फार्मर रजिस्ट्री कैंप में किसान आधार कार्ड, जमीन संबंधी दस्तावेज व मोबाइल नंबर के साथ भाग लेंगे, जहां किसानो का पंजीकरण व ई-केवाईसी के साथ-साथ जमीन संबंधी दावा व ई-हस्ताक्षर की प्रक्रिया करना होगा.

–निगरानी के लिए प्रखंडों में गठित कार्यान्वयन दल

कृषि विभाग ने किसानों के साथ समन्वय स्थापित कर उनके सहयोग के लिए प्रखंडों में कार्यान्वयन दल का गठन किया हैं. जिसमे बीडीओ को सह अध्यक्ष तो सीओ को अध्यक्ष बनाया हैं. मुखिया व अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ संवाद स्थापित कर इस कार्य के प्रगति की जिम्मेवारी बीडीओ को सौंपा हैं. वहीं भूमि दावा से संबंधित प्राप्त होने वाली शिकायतों का निवारण की जिम्मेवारी सीओ को सौंपा गया हैं.

–जिला डिजिटल कृषि कोषांग गठित

फार्मर रजिस्ट्री में भूमि संबंधित समस्याओ के समाधान करने व इसके सफल कार्यान्वयन को लेकर डीएम की अध्यक्षता में जिला डिजिटल कृषि कोषांग का गठन किया गया हैं. जिसमे अपर समाहर्ता को नोडल अधिकारी व डीएओ को सद्स्य सचिव नामित किया गया हैं. वहीं डीडीसी, डीपीआरओ, सभी एसडीओ, डीसीएलआर व डीआईओ समेत कृषि विभाग के सभी सहायक निदेशको को सद्स्य नामित किया गया हैं.

–क्या हैं फार्मर रजिस्ट्री

किसानों तक अनुदान, ऋण, बीमा व सरकारी योजनाओ का लाभ सहजता के साथ ससमय पहुंच सके इसके लिए किसानों का एक व्यवस्थित डाटाबेस तैयार किया जा रहा हैं. जिसमे किसानों के भूमि, आय, ऋण व फसल संबंधी जानकारी शामिल रहेगा. यह पूरी प्रक्रिया फार्मर रजिस्ट्री कहलाता हैं. जिन किसानो का फार्मर रजिस्ट्री होगा, उन्हें एक विशिष्ट किसान आईडी प्रदान किया जायेगा.

–फार्मर रजिस्ट्री की संख्या

प्रखंड एफ़आर

बैरगनिया 479

बाजपट्टी 1950

बथनाहा 515

बेलसंड 2989

बोखरा 1014

चोरौत 1279

डुमरा 577

मेजरगंज 437

नानपुर 2049

परिहार 931

परसौनी 436

पुपरी 48

रीगा 672

रुन्नीसैदपुर 1842

सोनबरसा 943

सुप्पी 453

–क्या कहते हैं अधिकारी

किसानों को विभिन्न योजनाओं का लाभ लेने के लिए फार्मर आईडी का होना आवश्यक हैं. अब बगैर फार्मर रजिस्ट्री के पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिलेगा. इसके लिए सभी एसडीएओ को निर्देशित किया गया हैं कि प्रतिदिन प्रखंडों का समीक्षा कर अधिक से अधिक किसानो का फार्मर आईडी बनाना सुनिश्चित करे.

शांतनु कुमार, डीएओ

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Author: VINAY PANDEY

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