बोखड़ा : प्रखंड के हाई स्कूल, खड़का में साकेत सामाजिक व सांस्कृतिक संस्थान, रांची की ओर से किताबें दान की गयी. शनिवार को स्कूल में एक सादे समारोह का आयोजन किया गया.
अध्यक्षता प्रधान शिक्षक सुशील कुमार ने की. मुख्य अतिथि के रूप में डाॅ दीपक राय तो विशिष्ट अतिथि के रूप में साहित्यकार पंचानंद मिश्र मौजूद थे. समारोह का उद्घाटन राज्यसभा सचिवालय के सहायक निदेशक डा अनुज समेत अन्य ने दीप प्रज्वलित कर किया. प्रखंड के सियारी गांव निवासी व रांची विश्वविद्यालय के हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो अरुण कुमार द्वारा अपने पुत्र साकेत की स्मृति में उक्त समारोह का आयोजन करने के साथ हीं छात्र-छात्राओं की सुविधा के लिए बहुत सी किताबें दी गयी.
मौके पर वक्ताओं ने छात्र-छात्राओं से कहा कि किताबें दुर्लभ चीज होती है. अगर किताबें नहीं हो तो हम नहीं जान पायेंगे कि महात्मा गांधी कौन थे. यह किसी को पता नहीं चल पायेगा कि डा अब्दुल कलाम कौन थे और वे कैसे एक मुकाम पर पहुंचे थे. किताबों से ही डा कलाम जैसे लोगों के सादगी भरे जीवन की जानकारी मिल पाती है.
कार्यक्रम की संयोजक डा मृदुला सहाय ने कहा कि शिक्षा एक ऐसी चीज है, जिसके बदौलत विश्व में कहीं भी प्रतिष्ठा प्राप्त किया जा सकता है. शिक्षकों को बच्चों को पढ़ाने में कोई कोताही नहीं बरतनी चाहिए. मौके पर शिक्षा प्रेमी संजय कुमार झा, राम शरण अग्रवाल, डा राजकुमार गुप्ता, मदन मोहन झा, शिक्षक रवींद्र झा, हेमा रंजना व बृजबिहारी प्रसाद समेत अन्य मौजूद थे.
