… यहां हर भक्तों की मुराद होती है पूरी फोटो नंबर- 12 पंडाल में पूजा करते मुख्य यजमान व अन्य, 13 चंडीधाम मंदिर में स्थापित मां काली की मूर्ति वर्ष 1977 से की जाती है मां दुर्गा की पूजा कैलाशपुरी व भव प्रसाद के लोग करते हैं सहयोग सीतामढ़ी. नगर पंचायत, डुमरा के वार्ड नंबर नौ स्थित चंडीधाम के समीप नवदुर्गा पूजा समिति कैलाशपुरी-भव प्रसाद की ओर से मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित कर शारदीय नवरात्र के दौरान पूरे श्रद्धा भाव से पूजा की जाती है. इस दौरान मेले का भी आयोजन किया जाता है. वही पूजा में प्रशासन के निर्देशों का पालन किया जाता है. विधि व्यवस्था संधारण को स्थानीय पुलिस प्रशासन का भी पूरा सहयोग मिलता है. 1977 से होती है पूजा मुख्य यजमान सह भव प्रसाद के पूर्व मुखिया लालबाबू प्रसाद यादव ने बताया कि वर्ष 1977 से प्रतिमा बना कर गांव में दुर्गा पूजा होती थी, पर 1989 में चंडीधाम की स्थापना के बाद से यहीं पूजा का आयोजन किया जाने लगा. पूजा में ग्रामीणों का पूरा सहयोग मिलता है. रामबाबू राय ने दी थी जमीन भवप्रसाद निवासी लक्ष्मण राय के पुत्र रामबाबू राय द्वारा चंडीधाम की स्थापना के लिए करीब साढ़े तीन कट्ठा जमीन दी गयी. मंदिर का निर्माण हुआ. मां काली समेत अन्य देवी-देवताओं की प्रतिमा स्थापित किया गया. यज्ञ हुआ. उसके बाद से यहां सुबह-शाम भक्तों की भीड़ लगने लगी. शारदीय व चैती नवरात्र के दौरान मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित कर पूजा किया जाने लगा. तब से प्रति वर्ष यहां पूजा किया जाता है. यह मान्यता है कि यहां आ कर सच्चे मन से मांगी गयी हर मन्नते पूरी होती है. बजट 1.5 लाख पूजा समिति के अध्यक्ष सुनील यादव उर्फ, डब्लू, सचिव सचिन यादव, कोषाध्यक्ष आनंद सिन्हा व चंडीधाम मंदिर के व्यवस्थापक अनिल यादव ने बताया कि गत वर्ष पूजा पर करीब 1.25 लाख खर्च हुआ था. इस वर्ष बढ़ती महंगाई को देखते हुए अनुमान लगाया जा रहा है कि 1.5 लाख से अधिक खर्च आयेगी. मौके पर सदस्य अमित कुमार समेत अन्य सहयोगी मौजूद थे.
... यहां हर भक्तों की मुराद होती है पूरी
… यहां हर भक्तों की मुराद होती है पूरी फोटो नंबर- 12 पंडाल में पूजा करते मुख्य यजमान व अन्य, 13 चंडीधाम मंदिर में स्थापित मां काली की मूर्ति वर्ष 1977 से की जाती है मां दुर्गा की पूजा कैलाशपुरी व भव प्रसाद के लोग करते हैं सहयोग सीतामढ़ी. नगर पंचायत, डुमरा के वार्ड नंबर […]
