बेटी से मिलने से पहले ही लीला को मिल गयी मौत

समस्तीपुर : ऊपर वाले के आगे किसी की नहीं चलती यह रविवार को हुई हृदय विदारक घटना से साबित हो गया़ इस घटना में असमय ही काल के गाल में समा गयी शहर के आंबेडकर नगर के स्व सुरेश राम की मोसमात लीला देवी को यह कहां मालूम था कि आज उसके मनसूबों पर भगवान […]

समस्तीपुर : ऊपर वाले के आगे किसी की नहीं चलती यह रविवार को हुई हृदय विदारक घटना से साबित हो गया़ इस घटना में असमय ही काल के गाल में समा गयी शहर के आंबेडकर नगर के स्व सुरेश राम की मोसमात लीला देवी को यह कहां मालूम था कि आज उसके मनसूबों पर भगवान ने पानी फेर दिया है़

बेटी से मिलने की आस लिए घर से निकली लीला को बेटी से तो नहीं, लेकिन रास्ते में ही मौत से ही मुलाकात हो गयी़ सोमवार को लीला का पुत्र राजेश राम एवं राहुल कुमार ने बताया कि उसकी मां लीला देवी सरायरंजन अपनी बेटी से मिलने जा रही थी़ लीला के साथ उसके चाचा स्व गणेशी राम की पत्नी विमला देवी भी थीं. दोनों एक साथ सरायरंजन के लिए निकले थे़ लेकिन, रास्ते में ही दुर्घटना हो गयी़ इसमें उसकी मां की लीला देवी की मौत हो गयी़ चाची विमला देवी गंभीर रूप से जख्मी होकर जीवन और मौत से लड़ रही है़

लीला के परिजन को नहीं मिली सरकारी राशि
लीला देवी की मौत के बाद उसके आश्रितों को कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत मिलने वाली सरकारी राशि नहीं मिल पायी़ बाद में नगर परिषद के चेयरमैन तारकेश्वरनाथ गुप्ता ने अपने निजी कोष से तीन हजार रुपये मृतक के आश्रित को दिया़ बताया जाता है कि लीला देवी अपने पुत्रों से अलग होकर रह रही थी. दूसरों के घरों में काम करके अपना भरण पोषण स्वयं कर रही थी़ उसने पहचान पत्र सहित सभी तरह के कागजात स्वयं अपने पास रखे हुए थे, जो नहीं मिल पाने के कारण नगर परिषद के द्वारा दी जाने वाली सरकारी राशि उसके परिजनों को तत्काल नहीं दिया जा सका.
गोतनी विमला के साथ बेटी से मिलने सरायरंजन जा रही थी लीला, जीवन और मौत से जूझ रही है लीला की गोतनी विमला देवी

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