Shiekhpura News : शेखपुरा नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड नंबर 33 स्थित एकसारी गांव में पिछले दो महीने से पेयजल संकट गहराने के बाद सोमवार को ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आ गया. खासकर महादलित टोले के लोगों ने जलापूर्ति व्यवस्था पूरी तरह ठप होने पर नगर परिषद के खिलाफ नाराजगी जताई. गांव में हालात ऐसे हैं कि लोग रोजमर्रा की जरूरत के लिए पानी जुटाने को इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं. बारिश और धान रोपनी के मौसम में यह संकट और गंभीर हो गया है, जिससे मजदूर परिवारों की परेशानी बढ़ गई है.
महादलित टोले में सबसे ज्यादा संकट
गांव के महादलित टोले के लोगों ने बताया कि जलापूर्ति बंद होने से सबसे ज्यादा असर गरीब और मजदूर परिवारों पर पड़ा है. सुबह से ही महिलाएं और बच्चे पानी के लिए दूर-दूर तक जाने को मजबूर हैं. लोगों ने जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है.
तीन योजनाएं, लेकिन जमीन पर फेल
ग्रामीण सावित्री देवी के अनुसार, एकसारी गांव में करीब 200 परिवार रहते हैं. पेयजल के लिए तीन जलापूर्ति योजनाएं लगाई गईं और वाटर टावर भी बनाया गया, लेकिन विडंबना यह है कि पिछले तीन वर्षों में एक दिन भी टंकी में पानी नहीं चढ़ाया गया. अब हालत यह है कि टावर का ढांचा तो खड़ा है, लेकिन टंकी ही गायब है.
बोरवेल बंद, एक पर निर्भर पूरा गांव
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में तीन बोरवेल लगाए गए थे, जिनमें से दो पूरी तरह खराब पड़े हैं. सिर्फ अल्पसंख्यक टोले का एक बोरवेल ही चालू है, जिससे पूरे गांव को पानी देना संभव नहीं है. इससे करीब 75 प्रतिशत आबादी पेयजल सुविधा से वंचित हो गई है.
अलग-अलग टोले में बदतर हालात
यादव टोला, कुर्मी टोला और मांझी टोला में पानी की समस्या सबसे ज्यादा गंभीर बताई जा रही है. लोगों का कहना है कि कई दिनों तक उन्हें पीने का साफ पानी भी नहीं मिल पाता, जिससे बीमारी का खतरा भी बढ़ गया है.
शिकायत के बाद भी नहीं हुआ समाधान
ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार वार्ड पार्षद और नगर परिषद कार्यालय को इस समस्या की जानकारी दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई. टैंकर से भी नियमित पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है, जिससे लोगों की परेशानी लगातार बढ़ रही है.
डीएम से लगाई गुहार
आक्रोशित ग्रामीणों ने डीएम शेखर आनंद से मांग की है कि मामले में तुरंत हस्तक्षेप कर जलापूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त कराया जाए. लोगों का कहना है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो स्थिति और गंभीर हो सकती है.
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