मंडलकारा में बंदियों को मिला केंचुआ खाद बनाने का प्रशिक्षण
कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंध अभिकरण (आत्मा) के तत्वावधान में सासाराम स्थित मंडलकारा में बंदियों के कौशल विकास के लिए दो दिवसीय वर्मीकंपोस्ट (केंचुआ खाद) उत्पादन प्रशिक्षण आयोजित हुआ.
सासाराम सदर.
कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंध अभिकरण (आत्मा) के तत्वावधान में सासाराम स्थित मंडलकारा में बंदियों के कौशल विकास के लिए दो दिवसीय वर्मीकंपोस्ट (केंचुआ खाद) उत्पादन प्रशिक्षण आयोजित हुआ. कार्यक्रम का उद्घाटन जेल अधीक्षक सुजीत कुमार राय, जेल उपाधीक्षक केके झा, नंदमोहन सिंह और सहायक अधीक्षक सुरेश प्रसाद ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया. इस विशेष प्रशिक्षण शिविर के लिए जेल प्रशासन द्वारा चयनित 60 बंदी भाग ले रहे हैं, जो जैविक खेती की इस आधुनिक तकनीक की बारीकियों को समझ रहे हैं.
सुधार का केंद्र है जेल:
प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जेल अधीक्षक सुजीत कुमार राय ने कहा कि जेल केवल सजा काटने की जगह नहीं, बल्कि सुधार का केंद्र भी है. उन्होंने बताया कि वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन एक अत्यंत सरल और कम निवेश वाला व्यवसाय है. यदि बंदी यहां से यह हुनर सीखकर निकलते हैं, तो रिहाई के बाद वे इसे अपनाकर न केवल आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनेंगे, बल्कि समाज में एक सम्मानजनक जीवन भी व्यतीत कर सकेंगे.
विशेषज्ञों ने दी तकनीकी जानकारी:
प्रशिक्षण सत्र में तकनीकी विशेषज्ञों ने बंदियों को केंचुआ खाद तैयार करने की वैज्ञानिक विधि, कच्चे माल का चुनाव, बेड तैयार करने की प्रक्रिया और खाद के रखरखाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी. मुख्य प्रशिक्षक के रूप में शिवसागर के बीटीएम अखिलेश कुमार पांडेय और कोचस के एटीएम विकास कुमार सिंह प्रशिक्षण दे रहे हैं. इस मौके पर सहायक अधीक्षक रागिनी कुमारी, सिकेश कुमार, अरविंद, रवि कुमार और संदीप कुमार सहित कई अन्य मौजूद थे.