चेनारी-मल्हीपुर जर्जर स्टेट हाइवे पर जलजमाव ने छीनी राहगीरों की राह
प्रखंड क्षेत्र में इन दिनों जर्जर सड़कों और जलजमाव की समस्या विकराल हो गयी है. न तो जनप्रतिनिधि सक्रिय दिख रहे हैं और न ही जिला प्रशासन के अधिकारी
सोमवार की झमाझम बारिश ने खोली सफाई व्यवस्था की पोल
प्रशासनिक उदासीनता के बीच कीचड़ में गिरने को मजबूर हो रहे राहगीर
जनप्रतिनिधियों व अफसरों के खिलाफ ग्रामीणों में भारी रोष
प्रतिनिधि, चेनारी
प्रखंड क्षेत्र में इन दिनों जर्जर सड़कों और जलजमाव की समस्या विकराल हो गयी है. न तो जनप्रतिनिधि सक्रिय दिख रहे हैं और न ही जिला प्रशासन के अधिकारी. नगर पंचायत चेनारी की आम जनता को प्रतिदिन विभिन्न वार्डों में जलजमाव से होकर गुजरना पड़ रहा है. शहर के चेनारी-मल्हीपुर स्टेट हाइवे पर स्मार्ट मॉल के पास हालात बेहद खराब हैं. सोमवार की दोपहर हुई झमाझम बारिश ने नगर पंचायत की साफ-सफाई के दावों की पोल खोल दी.
प्रशासनिक अफसरों की बेरुखी
बता दें कि इस मार्ग से प्रशासनिक और स्वास्थ्य विभाग के तमाम अधिकारी प्रतिदिन गुजरते हैं, इसके बावजूद आम जनता की इस समस्या का समाधान अब तक नहीं निकाला जा सका है. नगर पंचायत के लगभग दो वार्डों के घरों से निकलने वाले पानी की निकासी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं है. इस कारण पूरे इलाके का गंदा पानी सड़क पर फैला रहता है. सोमवार को हुई बारिश के बाद राहगीरों के लिए आवागमन और भी चुनौतीपूर्ण हो गया.
घायल हो रहे राहगीर और जाम की समस्या
जलजमाव और कीचड़ के कारण सोमवार को कई राहगीर रिक्शा, बाइक और साइकिल से गिरकर घायल हो गये. इस मार्ग पर पूरे दिन रुक-रुककर जाम की स्थिति बनी रही. प्रखंड मुख्यालय से यूपी, जिला मुख्यालय सासाराम, कैमूर, बक्सर और डेहरी के लिए बड़ी संख्या में बसें और ट्रक इसी मार्ग से गुजरते हैं. भारी वाहनों के दबाव से यह स्टेट हाईवे और भी अधिक क्षतिग्रस्त हो रहा है.
एसी गाड़ियों में बंद अफसरों को नहीं दिखता दर्द
स्थानीय ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अफसरों के प्रति भारी आक्रोश जताया है. लोगों का कहना है कि सांसद, विधायक और नगर पंचायत के प्रतिनिधि बंद शीशे वाली एसी गाड़ियों में बैठकर इसी मार्ग से निकलते हैं, इसलिए उन्हें सड़क का कष्ट महसूस नहीं होता. कीचड़ और गड्ढों में गिरकर घायल होने वाले लोगों ने जिला प्रशासन से अविलंब नाला निर्माण की मांग की है.
सिर्फ कागजी खानापूर्ति का आरोप
सड़क के आसपास रहने वाले लोगों का आरोप है कि नगर पंचायत, पथ निर्माण विभाग और जिला प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर मौन हैं. कुछ दिन पूर्व नगर पंचायत द्वारा यहां अस्थायी नाला खोदकर केवल कोरम पूरा किया गया था, जिसका कोई स्थायी लाभ नहीं मिला.
क्या कहते हैं अधिकारी
कार्यपालक पदाधिकारी अभिषेक भारती ने बताया कि उक्त स्टेट हाइवे पर जलजमाव की समस्या है और इसके समाधान के लिए पथ निर्माण विभाग से पत्राचार किया गया है. उन्होंने दावा किया कि नगर पंचायत समस्या के निजात के लिए तत्पर है. जब भी जलजमाव अधिक होता है, तो मोटर पंप लगाकर पानी की निकासी करायी जाती है.