Sasaram News. करगहर (रजनीकांत पांडेय). प्रखंड की शिवन पंचायत अंतर्गत सिरिसियां स्थित महादलित टोले में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र 27 पर मंगलवार को भारी हंगामा हुआ. पोशाक वितरण को लेकर शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि आक्रोशित अभिभावकों ने अपने ही बच्चों के कपड़े उतरवाकर उन्हें केंद्र के सामने नग्न अवस्था में खड़ा कर दिया और प्रदर्शन किया. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासनिक महकमे में खलबली मच गयी है. हंगामा कर रहे अभिभावकों का कहना है कि सेविका जानबूझकर उन बच्चों को ड्रेस नहीं दे रही है, जो केंद्र में नामांकित हैं. उनका आरोप है कि जब उन्होंने हक मांगा, तो सेविका ने जिन बच्चों को ड्रेस दी थी, उनसे भी कपड़े वापस ले लिये. इसी के विरोध में उन्होंने बच्चों को नग्न कर प्रदर्शन करने का रास्ता चुना.
सेविका की सफाई, रची गयी साजिश
दूसरी ओर, केंद्र की सेविका सुनैना कुमारी ने इन आरोपों को निराधार बताया है. उनका कहना है कि सोमवार को ही नामांकित बच्चों के बीच ड्रेस बांट दी गयी थी. मंगलवार को वैसे बच्चे ड्रेस मांगने पहुंचे, जिनका नाम रजिस्टर में नहीं था. मना करने पर उनके अभिभावक जबरन ड्रेस छीनकर भाग गये. सेविका का आरोप है कि उनकी छवि खराब करने के लिए अभिभावकों ने खुद बच्चों के कपड़े उतारे और वीडियो बनाकर अफवाह फैलायी कि सेविका ने कपड़ेउतरवायेहैं. उन्होंने विरोध करने पर मारपीट की कोशिश का भी आरोप लगाया है. इस संवेदनशील मामले पर संज्ञान लेते हुए सीडीपीओ रत्ना कुमारी ने कहा कि घटना की जानकारी मिली है. छोटे बच्चों को इस तरह प्रदर्शन में शामिल करना बेहद गंभीर मामला है. पूरे प्रकरण की बारीकी से जांच की जा रही है. जो भी पक्ष दोषी पाया जायेगा, उसके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जायेगी.
