रोहतास जिले की 800 बालिकाएं अब आत्मरक्षा के गुर सीखेंगी. जिले के 16 पीएम श्री विद्यालयों में कक्षा छह से 12वीं तक की छात्राओं के लिए रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम बुधवार से शुरू हो गया. प्रशिक्षण के दौरान बालिकाओं को विपरीत परिस्थितियों में खुद की सुरक्षा करने की तकनीक सिखायी जा रही है.
16 पीएम श्री विद्यालयों की 800 छात्राओं को मिलेगा प्रशिक्षण
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, सर्व शिक्षा अभियान रजनीश उपाध्याय ने बताया कि बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के निर्देश पर जिले में रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है. इसके तहत प्रत्येक विद्यालय की 50 बालिकाओं को प्रशिक्षण दिया जायेगा. इस तरह 16 विद्यालयों की कुल 800 छात्राएं प्रशिक्षण से लाभान्वित होंगी.
77 दिनों तक रोज दो घंटे चलेगा आत्मरक्षा प्रशिक्षण
रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत बालिकाओं को 77 दिनों तक प्रतिदिन दो घंटे प्रशिक्षण दिया जायेगा. इसके लिए विद्यालयवार प्रशिक्षकों की जिम्मेदारी तय कर दी गयी है. प्रशिक्षण में छात्राओं को आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकों का अभ्यास कराया जायेगा, ताकि जरूरत पड़ने पर वे खुद की सुरक्षा कर सकें.
इन विद्यालयों में इन प्रशिक्षकों को मिली जिम्मेदारी
बिक्रमगंज प्रखंड के पीएम श्री उच्च विद्यालय कुष्टुंभरा और पीएम श्री उच्च विद्यालय तेंदुनी में प्रीति कुमारी प्रशिक्षक होंगी. दावथ प्रखंड के पीएम श्री उच्च विद्यालय डेडगांव और पीएम श्री मध्य विद्यालय योगिनी में गुंजा कुमारी प्रशिक्षण देंगी. दिनारा प्रखंड के पीएम श्री प्लस टू उच्च विद्यालय सेमरा और पीएम श्री बलदेव उच्च विद्यालय दिनारा में करिश्मा कुमारी को जिम्मेदारी दी गयी है.
नासरीगंज से कोचस तक बालिकाओं को मिलेगा प्रशिक्षण
नासरीगंज प्रखंड के पीएम श्री वसंत उच्च विद्यालय इतिम्हा कर्मी और पीएम श्री उच्च विद्यालय नासरीगंज में गंगोत्री कुमारी प्रशिक्षक रहेंगी. कोचस प्रखंड के पीएम श्री आदर्श उच्च विद्यालय रेडिया और पीएम श्री प्लस टू उच्च विद्यालय कोचस में रीना कुमारी प्रशिक्षण देंगी. नोखा प्रखंड के पीएम श्री उच्च विद्यालय बरांव और पीएम श्री बीसीएम उच्च विद्यालय नोखा में कुमारी आशिका प्रीति को प्रशिक्षक बनाया गया है.
तिलौथू, सूर्यपुरा और संझौली में भी प्रशिक्षण शुरू
तिलौथू प्रखंड के पीएम श्री अमर शहीद उच्च विद्यालय जगोड़ीह और पीएम श्री उच्च विद्यालय रामडीहरा में भीमा शंकर को प्रशिक्षक की जिम्मेदारी दी गयी है. वहीं सूर्यपुरा के पीएम श्री बलिराम भगत सिंह उच्च विद्यालय पोसलडीह और संझौली के पीएम श्री गौरीशंकर उच्च विद्यालय संझौली में रविश कुमार प्रशिक्षण देंगे.
महिला शिक्षिका या प्रधानाध्यापक की मौजूदगी अनिवार्य
अधिकारियों के अनुसार प्रशिक्षण के दौरान विद्यालय की एक महिला शिक्षिका अथवा प्रधानाध्यापक की मौजूदगी अनिवार्य रहेगी. प्रशिक्षकों को प्रतिदिन प्रशिक्षण से संबंधित दो फोटो भी उपलब्ध कराने होंगे. एक फोटो में प्रशिक्षक और बालिकाओं की उपस्थिति तथा दूसरे फोटो में प्रशिक्षण गतिविधि दिखानी होगी.
प्रशिक्षण की जिला स्तर से होगी निगरानी
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने बताया कि प्रशिक्षण को निर्धारित अवधि में पूरा कराने के साथ इसकी नियमित निगरानी की जायेगी. प्रशिक्षकों को बालिकाओं की उपस्थिति और प्रशिक्षण से संबंधित आवश्यक दस्तावेज जिला कार्यालय में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.
आत्मविश्वास बढ़ाना है प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य
रजनीश उपाध्याय ने बताया कि रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं में आत्मविश्वास बढ़ाना है. प्रशिक्षण के माध्यम से छात्राओं को विपरीत परिस्थितियों में अपनी सुरक्षा के लिए जरूरी आत्मरक्षा तकनीकों में दक्ष बनाया जायेगा. इससे बालिकाएं खुद को सुरक्षित रखने के साथ दूसरों को भी जागरूक कर सकेंगी.
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