Rohtas Nala Nirman : रोहतास के नोखा नगर परिषद क्षेत्र में लक्ष्मणजी राइस मिल से पवन सूत मिल तक नाला निर्माण कार्य शुरू हो गया है. वर्षों से जलजमाव और गंदे पानी की निकासी की समस्या से जूझ रहे स्थानीय लोगों को इस परियोजना से राहत मिलने की उम्मीद है. लेकिन निर्माण स्थल पर सूचना बोर्ड नहीं लगाए जाने से योजना की पारदर्शिता पर सवाल उठने लगे हैं. लोगों का कहना है कि बिना सूचना बोर्ड के उन्हें यह तक पता नहीं चल पा रहा है कि योजना की लागत कितनी है, निर्माण किस एजेंसी द्वारा कराया जा रहा है, कार्य की समय-सीमा क्या है और इसका संवेदक कौन है.
योजना की जानकारी नहीं होने से लोगों में असमंजस
स्थानीय निवासी राजेंद्र सिंह, मनोज कुमार गुप्ता, गौरी विश्वकर्मा, अनुज कुमार गुप्ता और मुरलीधर प्रसाद सहित कई लोगों ने बताया कि किसी भी सरकारी निर्माण कार्य के दौरान योजना का नाम, स्वीकृत लागत, निर्माण एजेंसी, संवेदक, कार्य अवधि तथा संबंधित अभियंताओं की जानकारी वाला सूचना बोर्ड लगाना अनिवार्य होता है. इसके बावजूद नाला निर्माण शुरू होने के बाद भी बोर्ड नहीं लगाया गया है. इससे आम लोगों के बीच असमंजस की स्थिति बनी हुई है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि सूचना बोर्ड नहीं रहने से निर्माण कार्य की गुणवत्ता और तकनीकी मानकों की निगरानी भी प्रभावित होती है. यदि निर्माण सामग्री या कार्य की गुणवत्ता को लेकर किसी प्रकार की शिकायत हो, तो संबंधित विभाग या अधिकारियों की जानकारी उपलब्ध नहीं होने के कारण शिकायत दर्ज कराने में भी परेशानी होती है. लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि आखिर यह कार्य नगर परिषद, बुडको या किसी अन्य सरकारी एजेंसी के माध्यम से कराया जा रहा है, इसकी भी कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है.
Sasaram News : निर्माण स्थल पर सूचना बोर्ड लगाने की मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण स्थल पर जल्द से जल्द सूचना बोर्ड लगाया जाए, ताकि योजना से जुड़ी सभी जानकारियां सार्वजनिक हो सकें. उनका कहना है कि सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए सूचना बोर्ड बेहद जरूरी है. इससे आम लोग निर्माण कार्य की निगरानी भी कर सकेंगे और किसी भी अनियमितता की स्थिति में संबंधित अधिकारियों तक अपनी शिकायत पहुंचा सकेंगे.
Rohtas News : दो से तीन दिनों में लगेगा बोर्ड : जेई
इस संबंध में बुडको के जूनियर इंजीनियर मृत्युंजय ने बताया कि निर्माण स्थल पर दो से तीन दिनों के भीतर सूचना बोर्ड लगा दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि बोर्ड पर योजना की प्राक्कलित राशि, निर्माण एजेंसी, कार्य अवधि, संवेदक तथा अन्य तकनीकी जानकारियां अंकित रहेंगी, ताकि आम लोगों को योजना की पूरी जानकारी मिल सके और पारदर्शिता बनी रहे.
