Rohtas News : किसान पंजीकरण, दाखिल-खारिज और जमाबंदी में त्रुटि सुधार समेत अन्य राजस्व मामलों के निष्पादन में अब अनावश्यक देरी नहीं चलेगी. जिला पदाधिकारी दीपक कुमार मिश्रा ने शनिवार को राजस्व मामलों की विस्तृत समीक्षा करते हुए सभी अनुमंडल पदाधिकारियों और अंचल अधिकारियों को लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि किसानों और आम नागरिकों को राजस्व सेवाओं के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ें, इसका विशेष ध्यान रखा जाए.
अंचलवार लंबित मामलों की हुई समीक्षा
डीएम की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में किसान पंजीकरण, लंबित दाखिल-खारिज वाद, परिमार्जन, जमाबंदी में त्रुटि सुधार समेत अन्य राजस्व कार्यों की अंचलवार स्थिति की जानकारी ली गयी. बैठक में अपर समाहर्ता ललित भूषण रंजन और राजस्व प्रभारी मोहम्मद जफर हसन मौजूद रहे. वहीं, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी संबंधित एसडीओ और सीओ भी बैठक से जुड़े.
पुराने मामलों को प्राथमिकता से निबटाने का निर्देश
डीएम ने अधिकारियों को पुराने लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन करने का निर्देश दिया. उन्होंने स्पष्ट कहा कि नियमों के तहत निर्धारित समय-सीमा में मामलों का निष्पादन होना चाहिए. किसी आवेदन को बिना ठोस कारण के लंबित रखने पर संबंधित अधिकारी और कर्मी की जवाबदेही तय की जाएगी.
किसान पंजीकरण से योजनाओं का मिलेगा लाभ
डीएम ने कहा कि किसान पंजीकरण कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ लेने के लिए महत्वपूर्ण आधार है. कृषि विभाग के डीबीटी पोर्टल पर पंजीकृत किसानों को ही विभिन्न ऑनलाइन कृषि योजनाओं का लाभ मिल पाता है. इसलिए किसानों के पंजीकरण और भूमि संबंधी विवरण में किसी प्रकार की त्रुटि मिलने पर विभागीय प्रक्रिया के अनुसार तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाए.
दाखिल-खारिज और जमाबंदी के मामलों में तेजी
दाखिल-खारिज मामलों की समीक्षा के दौरान डीएम ने नियमानुसार जांच पूरी कर लंबित आवेदनों का शीघ्र निष्पादन करने का निर्देश दिया. वहीं, परिमार्जन और जमाबंदी में त्रुटि सुधार से जुड़े मामलों को भी विभागीय दिशा-निर्देश के अनुरूप तेजी से निबटाने को कहा. परिमार्जन प्लस पोर्टल के माध्यम से पुरानी जमाबंदी और ऑनलाइन दाखिल-खारिज के बाद कायम जमाबंदी में दर्ज त्रुटियों में सुधार की व्यवस्था है.
राजस्व सेवाओं में पारदर्शिता पर जोर
डीएम ने कहा कि राजस्व सेवाओं में पारदर्शिता और समयबद्धता जिला प्रशासन की प्राथमिकता है. सभी एसडीओ और सीओ अपने-अपने क्षेत्रों में लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करें और कार्यों की प्रगति की लगातार निगरानी करें. किसानों और आम नागरिकों को निर्धारित प्रक्रिया और समय-सीमा के भीतर सेवाएं उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए.
बैठक के अंत में डीएम ने किसान हित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी लंबित राजस्व मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
