Rohtas News : रोहतास जिला के करगहर थाना क्षेत्र के मदन राय पिपरा गांव में बेटी से कथित छेड़खानी का विरोध करना एक पिता को भारी पड़ गया. करीब 67 दिनों तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद घायल दिनेश लाल (41) की बुधवार को वाराणसी के ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान मौत हो गई. घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है. पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है. मामले में आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई करने की बात कही है.
25 मई को हुई थी मारपीट की घटना
मृतक की बहन आरती देवी ने बताया कि 25 मई को दिनेश लाल की बेटी शौच के लिए घर से बाहर गई थी. आरोप है कि उसी दौरान गांव के कामेश्वर लाल के पुत्र प्रिंस लाल ने उसके साथ छेड़खानी की. विरोध करने पर युवती के साथ मारपीट की गई. घटना की जानकारी मिलने पर दिनेश लाल आरोपित के घर शिकायत करने पहुंचे.
लोहे की रॉड से हमला कर किया था गंभीर घायल
परिजनों का आरोप है कि शिकायत करने पहुंचे दिनेश लाल के साथ कामेश्वर लाल, उसके पुत्र प्रिंस लाल और परिवार के अन्य सदस्यों ने मिलकर मारपीट की. इस दौरान लोहे की रॉड से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया गया. घटना के बाद ग्रामीण और परिजन उन्हें इलाज के लिए सासाराम सदर अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उनकी गंभीर स्थिति देखते हुए वाराणसी ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया.
67 दिन बाद तोड़ा दम
वाराणसी ट्रॉमा सेंटर में करीब 67 दिनों तक इलाज चलने के बाद बुधवार की शाम करीब चार बजे दिनेश लाल की मौत हो गई. गुरुवार को परिजन शव लेकर सासाराम सदर अस्पताल पहुंचे, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव उन्हें सौंप दिया गया.
आवेदन मिलने पर होगी कानूनी कार्रवाई
करगहर थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि मारपीट की घटना के समय पुलिस को किसी प्रकार की लिखित या मौखिक शिकायत नहीं दी गई थी. घायल की मौत के बाद परिजनों ने प्राथमिकी दर्ज कराने की बात कही है. पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने की सलाह दी थी, जिसका पालन किया गया. उन्होंने कहा कि परिजनों से आवेदन प्राप्त होते ही प्राथमिकी दर्ज कर आरोपितों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी.
