गंडक में संभावित बाढ़ को लेकर सारण पहुंचे उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, तैयारियों की समीक्षा कर अधिकारियों को दिए निर्देश

नेपाल से छोड़े गए पानी के कारण गंडक नदी में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव ने सारण जिले का दौरा किया. उन्होंने जिला प्रशासन के साथ बाढ़ की तैयारियों और आपात स्थिति से निपटने की व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की.

Gandak River Flood: नेपाल के कैचमेंट एरिया से छोड़े गये पानी के कारण गंडक नदी के जलस्तर में संभावित वृद्धि और बाढ़ की आशंका को देखते हुए उपमुख्यमंत्री-सह-प्रभारी मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव ने शनिवार को सारण जिले का दौरा किया. इस दौरान उन्होंने जिला प्रशासन के साथ बाढ़ की तैयारियों और संभावित स्थिति से निपटने के लिए की गयी व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की.

सर्किट हाउस में हुआ स्वागत, लिया गार्ड ऑफ ऑनर

उपमुख्यमंत्री के सर्किट हाउस पहुंचने पर जिलाधिकारी ने पुष्प गुच्छ देकर उनका स्वागत किया. इसके बाद उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया. उपमुख्यमंत्री ने जिला पदाधिकारी और वरीय पुलिस अधीक्षक के साथ समीक्षा बैठक कर बाढ़ से निपटने की तैयारियों की जानकारी ली.

तटबंधों पर 24 घंटे निगरानी

समीक्षा बैठक में जिला पदाधिकारी ने बताया कि जिले में बाढ़ से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी रखी गयी हैं. नदी के तटबंधों पर 24 घंटे सतत निगरानी की जा रही है. जिला और प्रखंड स्तर के पदाधिकारियों द्वारा संवेदनशील स्थलों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है.

आपात स्थिति से निपटने के लिए एसडीआरएफ की टीमों को संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात किया गया है. मकेर, पानापुर, दरियापुर, अमनौर, परसा, सोनपुर सहित नदी किनारे बसे क्षेत्रों में लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को लगातार सतर्क किया जा रहा है. जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील भी की जा रही है.

अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील

जिला प्रशासन ने स्थानीय लोगों से किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान नहीं देने और घबराहट में कोई कदम नहीं उठाने की अपील की है. प्रशासन की ओर से कहा गया कि स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जायेगी.

संवेदनशील स्थानों पर तैनात किये गये गृह रक्षक

बाढ़ संभावित क्षेत्रों में गृह रक्षकों और तटबंध सुरक्षा दल की प्रतिनियुक्ति की गयी है. बाढ़ नियंत्रण विभाग के अभियंताओं द्वारा तटबंधों की सुरक्षा के लिए दिन के साथ-साथ रात में भी नियमित गश्ती और निरीक्षण किया जा रहा है.

सभी संवेदनशील स्थानों पर बाढ़ संघर्षात्मक सामग्री और आवश्यक उपकरण पर्याप्त संख्या में उपलब्ध रखे गये हैं. आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और राहत कार्य सुनिश्चित करने के लिए आपदा संबंधी संसाधनों को तैयार रखा गया है.

जनप्रतिनिधियों से लगातार लिया जा रहा फीडबैक

बैठक में बताया गया कि बाढ़ से प्रभावित होने की संभावना वाले सभी अंचलों से लगातार संपर्क स्थापित किया जा रहा है. संबंधित पदाधिकारियों द्वारा प्रतिदिन दो बार स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से संपर्क कर स्थिति की जानकारी ली जा रही है तथा अद्यतन रिपोर्ट प्राप्त की जा रही है.

फिलहाल सामान्य है गंडक का प्रभाव

प्रशासन के अनुसार, वर्तमान में सारण जिले में गंडक नदी का प्रभाव सामान्य स्थिति में है और कहीं भी कटाव की स्थिति नहीं है. इसके बावजूद नदी के जलस्तर और तटबंधों की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है.

आम लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता

उपमुख्यमंत्री-सह-प्रभारी मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव ने जिला प्रशासन की तैयारियों की समीक्षा करते हुए सतर्कता और तत्परता बनाए रखने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि संभावित आपदा की स्थिति में आम लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है. प्रशासन को हर परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहना चाहिए.

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By संजय भारद्वाज

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