Excellent work in flood: बाढ़ के दौरान प्रखंड क्षेत्र में बेहतर कार्य करने के लिए दिघवारा के चार पदाधिकारियों को डीएम वैभव श्रीवास्तव ने सम्मानित किया. डीएम ने सभी को प्रशस्ति पत्र देकर उनके कार्यों की सराहना की.
सम्मानित होने वाले पदाधिकारियों में बीडीओ प्रशांत कुमार, सीओ मिट्ठू प्रसाद, प्रखंड कल्याण पदाधिकारी मयंक कुमार और सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. रोशन कुमार शामिल हैं.
डीएम ने कहा कि बाढ़ जैसी विपरीत परिस्थितियों में चारों पदाधिकारियों ने प्रशंसनीय कार्य किया. इस तरह का कार्य अन्य कर्मियों के लिए नजीर बनता है और उन्हें बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित करता है. सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. रोशन कुमार को डीएम के अलावा सिविल सर्जन डॉ. राजकुमार चौधरी ने भी प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया.
तीन दिनों की मेहनत से टाला गया बड़ा संकट
त्रिलोकचक पंचायत के केसरपुर में मही नदी का बांध टूटने के बाद बीडीओ, सीओ और प्रखंड कल्याण पदाधिकारी ने लगातार तीन दिनों तक मेहनत की. जल संसाधन विभाग, स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों, कर्मियों और ग्रामीणों के सहयोग से बांध की मरम्मत का कार्य पूरा कराया गया.
समय रहते बांध की मरम्मत होने से तीन पंचायतों में बाढ़ की स्थिति को गंभीर होने से रोका जा सका. इससे दर्जनों गांवों के हजारों लोगों को बाढ़ की परेशानी से राहत मिली.
अकिलपुर में बाढ़ पीड़ितों तक पहुंचाया प्रशासनिक सहयोग
तीनों पदाधिकारियों ने प्रखंड के गंगा पार स्थित अकिलपुर पंचायत में भीषण बाढ़ के दौरान बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए लगातार कार्य किया. उन्होंने प्रशासनिक सहयोग और जरूरी सुविधाएं लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया.
नौका एंबुलेंस से आठ गांवों तक पहुंची मेडिकल टीम
सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. रोशन कुमार ने बाढ़ के दौरान स्वास्थ्य टीम का नेतृत्व किया. टीम नौका एंबुलेंस के माध्यम से अकिलपुर पंचायत के आठ गांवों तक पहुंची और बाढ़ प्रभावित लोगों को चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध करायी.
मेडिकल टीम ने इलाज के साथ लोगों के बीच दवाइयां भी वितरित कीं. टीम ने पंचायत में नौका एंबुलेंस के जरिये घर-घर पहुंचकर जरूरतमंदों की मदद की.
बाढ़ के बीच गर्भवती महिला का कराया सुरक्षित प्रसव
बाढ़ के दौरान दूधिया विद्यालय में आश्रय लिये बाकरपुर टोला निवासी मनीता देवी को प्रसव पीड़ा हुई. स्वास्थ्य टीम ने विद्यालय की छत पर उनका सुरक्षित प्रसव कराया, जहां उन्होंने पुत्र को जन्म दिया. प्रसव के बाद मां और नवजात को आवश्यक दवाइयां और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करायी गयी.
बाढ़ की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में डॉ. रोशन कुमार और उनकी टीम लगातार प्रभावित इलाकों में पहुंचकर लोगों का इलाज करती रही. स्वास्थ्य टीम के इस कार्य की क्षेत्र में सराहना हुई.
