छपरा. नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत दहियांवा स्थित एक निजी रिसर्च सेंटर में बुधवार की रात अफरातफरी का माहौल बन गया, जब मरीज के परिजनों और अस्पताल कर्मियों के बीच कहासुनी के बाद मामला मारपीट तक पहुंच गया. स्थिति बिगड़ते देख अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद 112 डायल पुलिस और नगर थाना की टीम मौके पर पहुंची और विवाद को शांत कराया. प्राप्त जानकारी के अनुसार, गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत राजापट्टी मड़वां गांव निवासी स्व मदन सिंह के पुत्र संजीत सिंह (47 वर्ष) पिछले दो दिनों से उक्त नर्सिंग होम में सेप्टीसीमिया (इंफेक्शन) से पीड़ित होने के कारण भर्ती थे. उन्हें बेहतर इलाज के लिए आइसीयू में रखा गया था. इलाज के बाद उनकी स्थिति में सुधार आया और सोमवार को डिस्चार्ज की प्रक्रिया शुरू की गयी. इसी दौरान परिजन डिस्चार्ज संबंधी बिल और जांच रिपोर्ट मांगने लगे, जिस पर अस्पताल स्टाफ और परिजनों के बीच तीखी नोकझोंक हो गयी. देखते ही देखते मामला हाथापाई में बदल गया. परिजनों का आरोप है कि रिपोर्ट मांगने पर अस्पताल स्टाफ ने उनके साथ मारपीट की. वहीं, स्टाफ का कहना है कि परिजन बार-बार मना करने के बावजूद जूता-चप्पल पहनकर आइसीयू में प्रवेश कर रहे. थे और कर्मचारियों के साथ बदसलूकी कर रहे थे. बिल भुगतान को लेकर भी दोनों पक्षों में टकराव हुआ. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराते हुए बिल विवाद और झगड़े को सुलझाया. अंततः मरीज संजीत सिंह को डिस्चार्ज कर दिया गया. पुलिस को दिये गये बयान में मरीज ने बताया कि उसे अस्पताल में बेहतर इलाज मिला है और उसे किसी से कोई शिकायत नहीं है.
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