नियम तोड़ा, तो प्रशासन भेजेगा नोटिस
नगरपंचायत क्षेत्र में बिना नक्शा पास कराये हुए मकान बनवानेवाले भूस्वामी हो जाइये सावधान! अगर आप नगर पंचायत क्षेत्र में नगर प्रशासन द्वारा बगैर नक्शा पास कराये हुए मकान बनवा रहे हैं, तो कार्रवाई का सामना करने के लिए तैयार रहें. या तो आपको एक बहुत बड़ी राशि आर्थिक दंड के रूप में भरनी होगी या फिर प्रशासन अपने इलाके में बिना नक्शा पास हुए बननेवाले मकानों को तोड़ देगा.
दिघवारा : नगर प्रशासन द्वारा ऐसे लोगों की सूची बनायी जा रही है, जिन्होंने बिना नक्शा पास कराये ही कार्य शुरू करवा दिया है. सूची में शामिल होनेवाले भूस्वामियों के खिलाफ पहले नोटिस भेजी जायेगी और फिर उनलोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जायेगी. मतलब साफ है कि नगर पंचायत क्षेत्र में निर्माण कार्य करानेवाले भूस्वामियों को हर हाल में नक्शा पास कराना होगा. नक्शा पास कराने का कार्य हर हाल में कार्य के प्रारंभ होने से पूर्व करना है.
मकान बनवाने के बाद नक्शा पास नहीं किया जायेगा.
आवेदन 1800, मगर कार्यादेश सिर्फ 90 का : लोहिया स्वच्छता मिशन के तहत नगर पंचायत के 18 वार्डों में जरूरतमंद लोगों के बीच शौचालय बनवाने के उद्देश्य से इच्छुक लोगों से आवेदन पत्र मांगा गया था, जिसके बाद लगभग 1800 इच्छुक लोगों ने अपने घरों में शौचालयों के निर्माण को लेकर आवेदन दिया, मगर इस वित्तीय वर्ष में सभी इच्छुक लोगों को शौचालय का लाभ नहीं मिलेगा क्योंकि नगर प्रशासन ने इस वित्तीय वर्ष में 375 जरूरतमंद लोगों को शौचालय उपलब्ध कराने का टारगेट रखा था, मगर 90 शौचालयों के निर्माण का ही कार्यादेश जारी हो चुका है.
लाभुकों के निर्माण शुरू होने पर पहली किस्त के रूप में 7500 रुपये व निर्माण पूरा होने पर 4500 रुपये की दूसरी किस्त दी जायेगी.
बोर्ड की बैठक में लिया गया फैसला : पिछले महीने संपन्न नगर पंचायत की बोर्ड की बैठक में सर्वसम्मति से यह फैसला लिया गया कि अब नगर क्षेत्र में अपनी भूमि पर निर्माण कार्य करवानेवाले भूस्वामियों को निर्माण कार्य शुरू करवाने से पूर्व अनिवार्य रूप से नगर प्रशासन द्वारा नक्शा पास कराना होगा. ऐसा न करने वाले भूस्वामियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जायेगी.
धड़ल्ले से हो रहा है निमार्ण कार्य : नगर के लगभग सभी 18 वार्डों में बिना नक्शा पास कराये ही मकानों का निर्माण धड़ल्ले से हो रहा है. कई वार्डो में तो भूस्वामियों ने मकान बनवाने के क्रम में सड़क की जमीन का भी अतिक्रमण कर लिया है, जिससे सड़कें संकीर्ण बन गयी हैं. ऐसे कार्यों का स्थानीय लोग विरोध नहीं कर रहे हैं क्योंकि नगर प्रशासन को खुद ऐसे कार्यों की खोज खबर लेने की फुर्सत नहीं है.
अगले वित्तीय वर्ष में सख्ती से होगा पालन : वित्तीय वर्ष 2015-16 में इस नियम का ठोस अनुपालन नहीं हुआ क्योंकि नगर प्रशासन द्वारा संबंधित कार्य कोपूरा करने के लिए कर्मचारी उपलब्ध नहीं थे. मगर जनवरी 2016 में आर्टिटेक्चर व अन्य कर्मियों की नियुक्ति हो गयी है लिहाजा वित्तीय वर्ष 2016-17 में इस नियम का सख्ती से अनुपालन किये जाने की संभावना है.
क्यों पास कराया जाता है नक्शा : निर्माण कार्य से पूर्व भूस्वामी नगर प्रशासन के पास अपना नक्शा पास कराने का आवेदन देते हैं, तो संबंधित कर्मी निर्माण स्थल पर जाकर देखते हैं कि मकान, बिल्डिंग बायलॉज 2014 के अनुसार बनाया जा रहा है कि नहीं ? अगर नियम के अनुसार निर्माण होता है, तो नक्शा को पास कर दिया जाता है.
क्या कहते हैं कार्यपालक पदाधिकारी
नगर क्षेत्र में मकान निर्माण कराने वाले भूस्वामियों को अनिवार्य तौर पर नक्शा पास कराना होगा. जिन लोगों ने निर्माण से पूर्व नक्शा पास नहीं कराया है उनलोगों को जल्द ही नोटिस भेजा जायेगा.
शंकर प्रसाद, नगर पंचायत, दिघवारा
