Samrat Chaudhary : सम्राट सरकार ने बिहार में बनने वाले उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए स्थानीय उद्योगों से खरीद बढ़ाने की बात कही. इसका उद्देश्य बिहार में तैयार उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराना और स्थानीय उद्योगों को मजबूत बनाना है. सरकार का कहना है कि बिहार के उत्पादों को देश-दुनिया के बाजार तक पहुंचाने की दिशा में भी काम किया जाएगा.
बिहार में 3 लाख करोड़ के उत्पादन का लक्ष्य
सरकार ने राज्य में कुल 3 लाख करोड़ रुपये के उत्पाद तैयार करने का लक्ष्य रखा है. इसके लिए उद्योगों के विस्तार, उत्पादन बढ़ाने और स्थानीय उद्यमियों को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया जा रहा है. सरकार का मानना है कि उत्पादन बढ़ने से बिहार की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे.
हर परिवार में उद्यमी तैयार करने का लक्ष्य
बिहार में करीब साढ़े तीन करोड़ परिवारों का उल्लेख करते हुए सरकार ने हर परिवार से कम से कम एक व्यक्ति को उद्यमिता से जोड़ने का लक्ष्य बताया. सरकार का उद्देश्य है कि अधिक से अधिक परिवार स्वरोजगार और कारोबार की दिशा में आगे बढ़ें, जिससे राज्य में रोजगार के नये अवसर पैदा हों.
बंद चीनी मिलों को फिर से शुरू करने पर फोकस
सरकार ने बिहार की पुरानी चीनी मिलों को दोबारा सक्रिय करने की दिशा में भी कदम उठाने की बात कही. लंबे समय से बंद पड़ी चीनी मिलों को चालू करने को राज्य के औद्योगिक विकास और किसानों की आय से जोड़कर देखा जा रहा है.
विकसित भारत के लक्ष्य में बिहार की भूमिका सरकार ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के लक्ष्य को पूरा करने में बिहार की भी अहम भूमिका होगी. इसके लिए राज्य में उद्योग, उत्पादन और रोजगार को बढ़ावा देने के साथ बिहार के उत्पादों को राष्ट्रीय और वैश्विक बाजार तक पहुंचाने की रणनीति पर जोर दिया जा रहा है.
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