Samastipur: रानी लक्ष्मीबाई का पराक्रम व साहस आज की नारियों के लिए प्रेरणादायी : डॉ स्मिता

अभाविप द्वारा रानी लक्ष्मीबाई जयंती को स्त्री शक्ति दिवस के रूप में मनाया गया. इस अवसर पर महिला महाविद्यालय में भाषण प्रतियोगिता एवं विचार गोष्ठी हुई.

समस्तीपुर. अभाविप द्वारा रानी लक्ष्मीबाई जयंती को स्त्री शक्ति दिवस के रूप में मनाया गया. इस अवसर पर महिला महाविद्यालय में भाषण प्रतियोगिता एवं विचार गोष्ठी हुई. नेतृत्व कॉलेज अध्यक्ष कुमकुम कुमारी ने किया. प्रांत उपाध्यक्ष डॉ स्मिता झा ने कहा कि झांसी की रानी लक्ष्मीबाई भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की ऐसी नायिका रहीं जिनके पराक्रम और साहस का जिक्र आज भी समय समय पर किया जाता है. रानी लक्ष्मीबाई का पराक्रम और साहस आज की नारियों के लिए प्रेरणादायी है. नगर उपाध्यक्ष डॉ मधुलिका मिश्रा ने कहा कि वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की एक अद्वितीय व अमर प्रतीक है. उनका जीवन साहस, स्वाभिमान व राष्ट्रभक्ति की एक ऐसी गाथा है जो युगों-युगों तक प्रेरणा देती रहेगी. संचालन कॉलेज मंत्री सम्भावी कुमारी ने किया. इस भाषण प्रतियोगिता में सोनाली कुमारी ने प्रथम, शनिवा ने द्वितीय एवं शिवानी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया. सफल प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया. भाषण प्रतियोगिता के दौरान छात्राओं ने कहा कि महज 29 साल की उम्र में रानी लक्ष्मीबाई कई दिनों तक अपनी छोटी सी सेना के साथ अंग्रेजों से युद्ध लड़ती रही. इस दौरान उन्होंने अंग्रेजों के दांत खट्टे कर दिये. उनकी वीरता आज भी करोड़ों लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत है. मौके पर विभाग छात्रा प्रमुख शालू कुमारी छोटी गुरिया, कुंकुम, नगर सह मंत्री आशी देव अनुष्का, मुश्कान, शामभवि, दिपम, अनुष्का शर्मा, कंचन, जया, पलक, प्रगति, दिशा, रानी, ज्योति, रिशा, अंशु, पूजा, बेबी राशिदा, राजनंदनि, तान्या, हिमांशी आदि उपस्थित थी.

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Published by: Ranjeet thakur

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