Education news from Samastipur:स्कूलों को सुरक्षा मार्गदर्शिका के अनुरूप करनी होगी व्यवस्था

जिले के सरकारी और निजी स्कूलों को अब एक सशक्त सुरक्षा ढांचे के तहत संचालित किया जायेगा.

Education news from Samastipur: समस्तीपुर : जिले के सरकारी और निजी स्कूलों को अब एक सशक्त सुरक्षा ढांचे के तहत संचालित किया जायेगा. अब सभी सरकारी व निजी स्कूलों को सुरक्षा मार्गदर्शिका उपलब्ध कराई जायेगी. मार्गदर्शिका में स्कूल व छात्रों की सुरक्षा को लेकर दिशा-निर्देश दिये गये हैं, जिसका पालन स्कूल करेंगे. शिक्षा मंत्रालय ने 2021 में इस मार्गदर्शिका को नई शिक्षा नीति 2020 के तहत तैयार किया था. स्कूलों को सुरक्षित सुदृढ़ बनाने के लिए इसमें कई दिशा-निर्देश दिये गये हैं. मंत्रालय ने इसे सभी स्कूलों को प्रसारित करने को कहा था. लेकिन अब भी यह मार्गदर्शिका नहीं पहुंची है, न ही इसका पालन किया जाता है. जिसे लेकर गत दिनों राज्य के साथ केन्द्र की बैठक में जल्द इसे लागू करने को कहा गया है. बिहार शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से समस्तीपुर समेत सभी जिले के डीईओ और डीपीओ (समग्र शिक्षा) को पत्र लिखा है. परिषद ने पत्र के साथ ही लिंक साझा किया है. जहां से मार्गदर्शिका डाउनलोड कर उपलब्ध कराई जानी है. शिक्षा मंत्रालय ने स्कूलों में सुरक्षा और संरक्षा के लिए दिशा-निर्देश जारी किये हैं. इनमें बच्चों की भौतिक, सामाजिक-भावनात्मक और संज्ञानात्मक सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित किया गया है. इन दिशा-निर्देश में मजबूत इमारत, आपातकालीन द्वार, प्राथमिक चिकित्सा किट, आपदा प्रबंधन योजना, सुरक्षा शिक्षा जैसे विषयों का समावेश है. डीपीओ एसएसए जमालुद्दीन ने बताया कि जिले के सभी स्कूलों को यह मार्गदर्शिका प्राप्त होगी. इसके अनुसार सभी सुरक्षा मानकों को स्कूल स्तर पर लागू करना अनिवार्य होगा. यह सुनिश्चित करेगा कि किसी भी आपात स्थिति में छात्र सुरक्षित रहें और अभिभावकों को विद्यालयों पर पूर्ण विश्वास हो. यह कदम न केवल स्कूलों की कार्यप्रणाली को अधिक जिम्मेदार बनायेगा, बल्कि छात्रों को एक संरक्षित, समर्थ और संवेदनशील शैक्षणिक वातावरण भी प्रदान करेगा. स्कूलों की सुरक्षा और संरक्षा को लेकर पांच मानक तय किये गये हैं. बुनियादी ढांचे से संबंधित सुरक्षा, इसके तहत स्कूल भवनों में चहारदीवारी का होना आवश्यक है. इसके साथ ही क्लास में पंखे व्यवस्थित ढंग से लगे होने चाहिए. विद्यालय में आपतकालीन द्वार का होना जरूरी है. सामाजिक-भावनात्मक सुरक्षा, कक्षा में छात्रों के व्यवहार को मॉनिटर करना जरूरी है. छात्रों को व्यक्तिगत सुरक्षा के महत्व के बारे में जानकारी देना अहम है. ‘गुड टच’ और ‘बैड टच’ के अंतर के बारे में बताया जाना चाहिए. स्वास्थ्य और शारीरिक सुरक्षा, स्कूल में बुनियादी दवा बॉक्स/प्राथमिक चिकित्सा किट के साथ-साथ हेल्थ चेकअप को बेहद अहम बताया गया है. छात्रों को व्यापक स्वास्थ्य कार्ड मुहैया कराना जरूरी है. साइबर सुरक्षा, स्कूलों में साइबर सुरक्षा पर विशेष जोर दिया गया है. इसके तहत विद्यालयों में इंटरनेट फैसिलिटी की उपलब्धता के साथ-साथ कम्प्यूटर क्लास में इलेक्ट्रॉनिक और तकनीकी उपकरणों की निगरानी के बारे में गाइडलाइन जारी किया गया है. आपदा के दौरान सक्रियता का पाठ, स्कूल में आपदा प्रबंधन योजना के साथ-साथ मॉक ड्रिल के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किया गया है.

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Author: ABHAY KUMAR

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