कल्याणपुर. प्रखंड कार्यालय के कई कर्मी वर्षों से कार्यालय में जमे हैं. इसको लेकर जनप्रतिनिधियों ने आवाज बुलंद करना शुरू कर दिया है. सूचना के अधिकार द्वारा प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर तीन कर्मी बिहार सरकार के निर्धारित मानक से अधिक वर्षरं से कार्यालय में जमे हैं, जबकि तीनों ही कर्मी उर्दू अनुवादक एवं टंकक के रूप में कार्यरत हैं. वर्ष 2003 से शेख अलाउद्दीन उर्दू टंकक हैं. जबकि 2008 से मो. फैयाज जफर एवं इफ्तेखार अहमद खां वर्ष 2010 से उर्दू अनुवादक के रूप में कार्यरत हैं. बिहार सरकार के मानक के अनुसार कई भी कर्मी एक कार्यालय में तीन वर्षों से अधिक नहीं रह सकता है. वहीं प्रत्येक प्रखंड कार्यालय में एक उर्दू अनुवादक का होना आवश्यक है. जबकि जिले के आधे दर्जन से अधिक प्रखंडों में उर्दू अनुवादक नहीं है. फिलवक्त कल्याणपुर प्रखंड में तीन उर्दू अनुवादक कार्य कर रहे हैं, जबकि प्रखंड के प्रधान सहायक भी उर्दू अनुवादक इफ्तेखार अहमद खां को बनाया गया है जिससे जनप्रतिनिधियों की माने तो प्रखंड के कार्यशैली पर असर दिख रहा है.
वर्षों से जमे कर्मियों पर उठे सवाल
कल्याणपुर. प्रखंड कार्यालय के कई कर्मी वर्षों से कार्यालय में जमे हैं. इसको लेकर जनप्रतिनिधियों ने आवाज बुलंद करना शुरू कर दिया है. सूचना के अधिकार द्वारा प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर तीन कर्मी बिहार सरकार के निर्धारित मानक से अधिक वर्षरं से कार्यालय में जमे हैं, जबकि तीनों ही कर्मी उर्दू अनुवादक एवं टंकक […]
