पिच डेक प्रेजेंटेशन पर हुआ जागरूकता कार्यक्रम. युवाओं को स्टार्टअप के लिए 10 लाख तक सीड फंड की जानकारी

स्टार्टअप बिहार योजना के तहत सहरसा में 'पिच डेक प्रेजेंटेशन' पर एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. युवाओं को 10 लाख रुपये तक के सीड फंड और उद्यमिता के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों की विस्तृत जानकारी दी गई.

Startup Bihar: सहरसा में उद्योग विभाग, बिहार सरकार के निर्देश पर बुधवार को गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज के सभागार में स्टार्टअप बिहार योजना के तहत "पिच डेक प्रेजेंटेशन" विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों और शिक्षकों के बीच उद्यमिता, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देना तथा स्टार्टअप बिहार योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करना था.

कई शिक्षण संस्थानों के छात्र-शिक्षक हुए शामिल

कार्यक्रम में गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज, गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज, आईटीआई कॉलेज, कृषि महाविद्यालय अगवानपुर, आरएम कॉलेज, एमएलटी कॉलेज सहित जिले के विभिन्न शिक्षण संस्थानों के प्राचार्य, उप-प्राचार्य, व्याख्याता, सहायक प्राध्यापक, छात्र-छात्राएं, उद्योग विभाग के पदाधिकारी, स्टार्टअप सेल सहरसा के फैकल्टी कोऑर्डिनेटर, सेल कोऑर्डिनेटर और स्टूडेंट्स कोऑर्डिनेटर मौजूद रहे.

सफल स्टार्टअप उद्यमी ने साझा किए अनुभव

स्टार्टअप बिहार योजना से लाभान्वित युवा उद्यमी प्रियांशु ने प्रतिभागियों को प्रभावी पिच डेक तैयार करने की प्रक्रिया, सफल प्रस्तुतीकरण के महत्वपूर्ण पहलुओं और अपने उद्यमिता के अनुभवों से अवगत कराया. उन्होंने कहा कि एक मजबूत पिच डेक निवेशकों और संस्थागत सहयोग प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है तथा युवाओं को नवाचार आधारित व्यवसाय शुरू करने के लिए प्रेरित करता है.

शिक्षकों ने नवाचार और आत्मनिर्भरता पर दिया जोर

गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज के प्राचार्य ने कहा कि युवा अपनी रचनात्मक सोच और तकनीकी ज्ञान के बल पर रोजगार के नए अवसर पैदा कर सकते हैं. वहीं गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज के प्राचार्य ने कहा कि शिक्षण संस्थानों की जिम्मेदारी विद्यार्थियों में उद्यमशीलता की सोच विकसित करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना है.

10 लाख रुपये तक मिलेगा सीड फंड

महाप्रबंधक, जिला उद्योग केंद्र मुकेश कुमार ने स्टार्टअप बिहार योजना, पिच डेक, स्टार्टअप सेल और उद्योग विभाग की विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने बताया कि जिन युवाओं के पास किसी वास्तविक समस्या के समाधान से जुड़ा अभिनव विचार और व्यावसायिक संभावनाएं हैं, वे स्टार्टअप बिहार के ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं. चयनित स्टार्टअप्स को बिहार सरकार की ओर से 10 लाख रुपये तक का सीड फंड उपलब्ध कराया जाता है, जिससे वे अपने विचारों को सफल उद्यम में बदल सकें.

युवाओं ने दिखाई विशेष रुचि

Startup Bihar: कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने स्टार्टअप बिहार योजना के विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की और उद्यमिता के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों के प्रति उत्साह दिखाया. कार्यक्रम का समापन युवाओं से नवाचार, आत्मनिर्भरता और उद्यमिता के माध्यम से बिहार के आर्थिक विकास में सक्रिय भूमिका निभाने के आह्वान के साथ हुआ.


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लेखक के बारे में

Author: Vinay Kumar Mishra

Published by: Pintu Pranav

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