Saharsa News: सावन की दूसरी सोमवारी पर बाबा मटेश्वर धाम में जलाभिषेक के लिए उमड़ी डाकबमों की भारी भीड़ के कारण रविवार को सिमरी बख्तियारपुर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई. गोरगामा ढाला से लेकर स्टेशन चौक तक वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, स्टेशन चौक पर सुबह से देर शाम तक बार-बार जाम की स्थिति बनी रही. संभावित भीषण जाम को देखते हुए एसडीओ आलोक राय स्वयं गोरगामा ढाला पहुंचे और मौके पर यातायात व्यवस्था का निरीक्षण कर अधिकारियों को तत्काल आवश्यक निर्देश दिए.
प्रशासन के अनुसार, पिछले रविवार की रात भी गोरगामा ढाला के पास घंटों जाम लगा था, जिसके कारण इस बार दूसरी सोमवारी पर अतिरिक्त सतर्कता बरती गई.
स्टेशन चौक पर दिनभर फंसे रहे वाहन
रविवार सुबह से ही बड़ी संख्या में डाकबम और श्रद्धालु सिमरी बख्तियारपुर पहुंचने लगे. भीड़ बढ़ते ही स्टेशन चौक पर टेंपो, ई-रिक्शा, निजी वाहनों और पैदल श्रद्धालुओं का दबाव बढ़ गया, जिससे बार-बार जाम लगने लगा.
कई बार सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आम यात्रियों, स्थानीय लोगों तथा राहगीरों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में काफी देर हुई. स्थानीय लोगों के अनुसार, दिनभर यातायात रुक-रुक कर चलता रहा.
बेतरतीब ई-रिक्शा परिचालन से बढ़ी समस्या
स्टेशन चौक और आसपास के मार्गों पर पैदल श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती रही. इसी बीच ई-रिक्शा और टेंपो का अव्यवस्थित परिचालन जाम का एक प्रमुख कारण बना.
कई वाहन बीच सड़क पर रुककर सवारी उतारते और चढ़ाते रहे, जिससे यातायात और अधिक प्रभावित हुआ. जाम के दौरान कई वाहन चालक लंबे समय तक फंसे रहे.
गोरगामा ढाला पर पहुंचे SDO आलोक राय
डाकबम पथ पर संभावित भीषण जाम को देखते हुए एसडीओ आलोक राय ने सिमरी बख्तियारपुर-सलखुआ मार्ग स्थित गोरगामा ढाला का निरीक्षण किया.
उन्होंने रेलवे क्रॉसिंग, डाकबमों के आवागमन और वाहनों की आवाजाही का जायजा लिया. निरीक्षण के दौरान बीडीओ वीरेंद्र कुमार, सीओ रवि कुमार, बख्तियारपुर थानाध्यक्ष जयशंकर कुमार और सलखुआ थाना की पुलिस टीम भी मौजूद रही.
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
निरीक्षण के दौरान एसडीओ ने मौके पर तैनात अधिकारियों और कर्मियों को निर्देश दिया कि भीड़ बढ़ने की स्थिति में तत्काल वैकल्पिक व्यवस्था लागू की जाए.
उन्होंने कहा कि डाकबमों के आवागमन में किसी प्रकार की बाधा नहीं आनी चाहिए और ट्रेन गुजरने के बाद रेलवे फाटक खुलते ही यातायात को जल्द से जल्द सामान्य कराया जाए.
जाम का सबसे संवेदनशील प्वाइंट बना गोरगामा ढाला
सिमरी बख्तियारपुर-सलखुआ मार्ग पर स्थित गोरगामा ढाला लंबे समय से जाम का प्रमुख प्वाइंट माना जाता है.
रेलवे फाटक बंद होने के दौरान वाहनों की लंबी कतार लग जाती है और सावन के महीने में डाकबमों की संख्या बढ़ने से स्थिति और गंभीर हो जाती है. प्रशासन का मानना है कि दूसरी सोमवारी पर यहां सबसे अधिक दबाव रहने की संभावना है.
पिछले रविवार की रात भी लगा था घंटों जाम
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, पिछले रविवार की रात गोरगामा ढाला के पास कई घंटे तक भीषण जाम लगा रहा था.
उस दौरान डाकबमों के साथ-साथ आम राहगीरों और वाहन चालकों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था. इसी अनुभव को देखते हुए इस बार पहले से अतिरिक्त पुलिस बल और प्रशासनिक निगरानी की व्यवस्था की गई.
Saharsa News: प्रशासन ने सहयोग की अपील की
जिला प्रशासन ने डाकबमों और आम लोगों से निर्धारित मार्ग का पालन करने और यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है.
अधिकारियों को भीड़ के अनुसार यातायात प्रबंधन करने और मौके पर कर्मियों की सक्रियता बढ़ाने का निर्देश दिया गया है. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दूसरी सोमवारी के दौरान यातायात व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
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