Saharsa News: लोकतंत्र की बुनियाद को मजबूत करने और भविष्य के जिम्मेदार मतदाता तैयार करने की दिशा में सहरसा जिला प्रशासन ने अहम पहल की है. भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जिले के सभी माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए निर्वाचन साक्षरता क्लब के माध्यम से विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे.
इन कार्यक्रमों के जरिए विद्यार्थियों को केवल मतदान का महत्व ही नहीं बताया जाएगा, बल्कि मतदाता पंजीकरण, निर्वाचन प्रक्रिया, नैतिक मतदान, लोकतांत्रिक मूल्यों और EVM तथा VVPAT मशीनों के संचालन की व्यावहारिक जानकारी भी दी जाएगी. जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने संबंधित अधिकारियों और विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को कार्यक्रमों का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है.
छात्रों को समझाई जाएगी पूरी चुनाव प्रक्रिया
जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने कहा कि निर्वाचन साक्षरता क्लब का उद्देश्य विद्यार्थियों में लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति विश्वास और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना है.
उन्होंने निर्देश दिया कि कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों को स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव की महत्ता, मतदाता पंजीकरण, मतदान और मतगणना की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाए. साथ ही EVM और VVPAT मशीनों के उपयोग का व्यावहारिक प्रदर्शन भी कराया जाए, ताकि छात्र चुनाव प्रक्रिया को बेहतर तरीके से समझ सकें.
लोकतांत्रिक मूल्यों पर रहेगा विशेष जोर
निर्वाचन साक्षरता क्लब के माध्यम से विद्यार्थियों को भारत निर्वाचन आयोग की भूमिका, निर्वाचक सूची के निर्माण और अद्यतन, विशेष गहन पुनरीक्षण, समावेशी एवं सुगम निर्वाचन तथा नैतिक मतदान जैसे महत्वपूर्ण विषयों से भी परिचित कराया जाएगा.
प्रशासन का मानना है कि कम उम्र से ही लोकतांत्रिक मूल्यों की समझ विकसित होने पर विद्यार्थी भविष्य में जिम्मेदार और जागरूक मतदाता बन सकेंगे.
प्रश्नोत्तरी और व्यावहारिक गतिविधियों से होगी सीख
कार्यक्रम को केवल व्याख्यान तक सीमित नहीं रखा जाएगा. विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रश्नोत्तरी, संवाद, जागरूकता गतिविधियां और व्यावहारिक प्रदर्शन भी आयोजित किए जाएंगे.
इसका उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया को सरल, रोचक और सहभागितापूर्ण बनाना है, ताकि छात्र इसे आसानी से समझ सकें और लोकतांत्रिक प्रक्रिया से जुड़ाव महसूस करें.
Saharsa News: इन अधिकारियों को मिली जिम्मेदारी
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, बिहार के निर्देशानुसार जिले में निर्वाचन साक्षरता क्लब की नियमित निगरानी के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को नोडल पदाधिकारी बनाया गया है.
वहीं विद्यालयों में कार्यक्रमों के समन्वय और प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी जिला सूचना एवं जनसंपर्क पदाधिकारी को सौंपी गई है.
24 से 29 जुलाई तक होंगे विशेष कार्यक्रम
जुलाई माह के तहत 24 जुलाई से 29 जुलाई तक विशेष गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा. इस दौरान निर्वाचक पंजीकरण, मतदान प्रक्रिया और मतगणना प्रक्रिया जैसे विषयों पर विशेष सत्र आयोजित होंगे.
जिलाधिकारी ने सभी विद्यालयों को निर्धारित कार्ययोजना के अनुरूप कार्यक्रम आयोजित करने और अधिक से अधिक विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है. उनका कहना है कि इन गतिविधियों के माध्यम से भविष्य के मतदाताओं में लोकतांत्रिक मूल्यों, निर्वाचन प्रक्रिया और जिम्मेदार मतदान के प्रति जागरूकता विकसित होगी.
Also Read: हिरासत में लिए गए माले विधायक संदीप सौरभ, 25 जुलाई को बिहार बंद से पहले एक्शन में पुलिस
