10 दिनों के अंदर ट्रेन चलने की संभावना
सहरसा शहर : रेल मुख्य सुरक्षा आयुक्त पूर्वी क्षेत्र प्रमोद कुमार आचार्या व डीआरएम सुधांशू शर्मा पूर्णिया बनमनखी नयी रेल लाइन जांच कर लौटते क्रम में कुछ देर के लिए सहरसा स्टेशन पर रुके. बुधवार को पूर्णिया से कृत्यानंदन नगर स्टेशन के बीच जांच की गयी हैं. उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट एक सप्ताह के अंदर दी जायेगी. वहीं उन्होंने 10 दिनों के अंदर सहरसा-पूर्णिया रेल परिचालन प्रांरभ होने की संभावना जतायी. वही उन्होंने सफल ट्रेन परिचालन के लिए गये चालक मो मजलूम हुसैन, उमेश कुमार मंडल, गार्ड राजेन्द्र कुमार सिंह, महेन्द्र मारंडी को एक-एक हजार रूपये देकर पुरस्कृत किया.
मालूम हो कि महिनों पूर्व बनमनखी-पूर्णिया नयी रेल लाइन का कार्य पूर्ण होने के बाद अंतिम सीआरएस जांच की बाट जोही जा रही थी. कई बार अधिकारियों का प्रोग्राम बना लेकिन जांच नही की जा सकी. इस बाबत स्थानीय लोगों में नाराजगी भी गहराने लगी थी. लोग संघर्ष तक की योजना बना रहे थे. वर्ष 2008 में आयी प्रलयंकारी बाढ़ के बाद सहरसा-पूर्णिया छोटी लाइन को बड़ी लाइन में बदलने का कार्य प्रारंभ हुआ था. पहले चरण में सहरसा-मधेपुरा का कार्य पूरा किया गया जबकि दूसरे चरण में मुरलीगंज तक परिचालन प्रांरभ किया गया. तीसरे चरण में वर्ष 2015 में बनमनखी तक परिचालन शुरू किया गया.
लंबे इंतजार के बाद पूर्णिया तक का कार्य संपन्न किया गया लेकिन सीआरएस जांच नही होने से परिचालन प्रारंभ नही हो सका. सीआरएस जांच की प्रक्रिया पूरी होने से लोगों में परिचालन प्रारंभ होने की आश जगी हैं कि जल्द ही अब पुन: सहरसा-पूर्णियां जुड़ जायेगा. जिससे व्यापार के साथ-साथ् अन्य सुविधा भी मिल सकेगी. कुछ देर रूकने के उपरांत सुरक्षा आयुक्त श्री आचार्य पटना के लिए रवाना हो गये जबकि डीआरएम श्री शर्मा समस्तीपुर के लिए रवाना हुए. ट्रेन 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से सहरसा पहुंची.
