सिविल सर्जन के निर्देश के बाद भी सुरक्षा का इंतजाम नहीं

सीएस ने डीपीएम को दिया था जवानों की तैनाती का निर्देश तीसरे दिन भी एएनएम स्कूल का माहौल असामान्य सुरक्षा कर्मियों की नियुक्ति के लिए लिखा गया पत्र सहरसा : समस्या बहुत बड़ी हो लेकिन उसके निदान का प्रयास व इच्छाशक्ति से कुछ राहत जरूर मिलती है. लेकिन स्वास्थ्य विभाग में इच्छाशक्ति की कमी स्पष्ट […]

सीएस ने डीपीएम को दिया था जवानों की तैनाती का निर्देश

तीसरे दिन भी एएनएम स्कूल का माहौल असामान्य
सुरक्षा कर्मियों की नियुक्ति के लिए लिखा गया पत्र
सहरसा : समस्या बहुत बड़ी हो लेकिन उसके निदान का प्रयास व इच्छाशक्ति से कुछ राहत जरूर मिलती है. लेकिन स्वास्थ्य विभाग में इच्छाशक्ति की कमी स्पष्ट झलक रही है. एएनएम स्कूल में जहां समस्या प्रतिदिन बढ़ती जा रही है. वहीं छात्राओं व प्रबंधन के बीच टकराहट भी बढ़ती ही जा रही है. वहीं वरीय अधिकारी मौन है. आश्चर्य की बात तो यह है कि तीन दिन पूर्व छात्राओं के विरोध के बाद स्कूल पहुंचे सिविल सर्जन डॉ अशोक कुमार सिंह ने डीपीएम को अविलंब सदर अस्पताल की सुरक्षा में तैनात सुरक्षा कर्मियों में से छह कर्मियों की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश दिया था.
लेकिन तीन दिन बीत जाने के बाद भी सदर अस्पताल से सौ कदम की दूरी पर स्थित एएनएम स्कूल तक सुरक्षा कर्मी की प्रतिनियुक्ति नहीं हो पायी. इस बाबत पूछे जाने पर डीपीएम आसीत रंजन ने बताया कि सुरक्षा एजेंसी को प्रतिनियुक्ति के लिए पत्र लिखा जा रहा है. जल्द ही सुरक्षा कर्मियों की प्रतिनियुक्ति कर दी जायेगी. जबकि छात्राओं की मांगों में से एक प्रमुख मांग सुरक्षा की है. मालूम हो कि तीन दिन पूर्व छात्रावास से एक छात्रा की मोबाइल चोरी हो गयी थी.
डीएम से की प्राचार्या को हटाने की मांग : छात्र संगठन एआइएसएफ के कार्यकारिणी सदस्य शंकर कुमार के नेतृत्व में छात्र नेताओं ने जिला पदाधिकारी को आवेदन देकर एएनएम स्कूल के प्राचार्या के कार्यकाल की जांच करने व छात्राओं के समस्या के निदान की मांग की है. दिये आवेदन में कहा कि प्राचार्या की लापरवाही व तानाशाही रवैया के कारण समस्या ने विकराल रूप ले लिया है. छात्र नेताओं ने जिला पदाधिकारी को आवेदन देकर प्राचार्या को अविलंब हटाने, सुरक्षा को लेकर गार्ड की तैनाती करने, जलजमाव की समस्या को दूर करने, छात्रवृत्ति का अविलंब भुगतान करने, स्नानागार, शौचालय व पेयजल की व्यवस्था को दुरुस्त करवाने, जबरदस्ती जुर्माना वसूली पर रोक लगाने, रोशनी के लिए चारों ओर वैपर लाइट लगाने की मांग की है. आवेदन देने वालों में अरविंद कुमार, संजीव कुमार, मोनू कुमार सहित अन्य शामिल है.
तीन दिन बाद थाना को दी गयी सूचना
दो दिन से एएनएम स्कूल में जारी गतिरोध जहां अखबारों की सुर्खियां बन रही हैं. वहीं स्कूल प्रबंधन अपनी लापरवाही को सुधार नहीं रहा है. मोबाइल चोरी की घटना को लेकर ही छात्रा आक्रोश में है. बावजूद स्कूल प्रबंधन समस्या के निदान के बजाय लापरवाह बने हुए है. तीन दिन बाद मोबाइल चोरी की सूचना लिखित रूप में सदर थाना को भेजी गयी. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि स्कूल प्रबंधन छात्राओं के समस्या के निदान के प्रति कितना जिम्मेवार है. छात्राओं ने आक्रोश व्यक्त करते कहा कि यही रवैया हमेशा अपनाया जाता है. पूर्व में भी कई बार इस तरह की घटना को अंजाम दिया जा चुका है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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