विजिबिलिटी घटने लगी, पांच दिसंबर तक परेशान करेगा मौसम

पूर्णिया

पूर्णिया. मौसम को लेकर अब सतर्क रहने के दिन आ गये हैं क्योंकि ठिठुरन वाली ठंड ने अपने पूर्णिया में इन्ट्री ले ली है और हाड़ कंपाने ठंड दस्तक देने वाली है. सुबह की शुरुआत जहां सफेद चादर से लिपटी हुई हो रही है वहीं मौसम का पारा भी क्रमवार रुप से लुढ़क रहा है. खासतौर पर रात के तापमान में गिरावट होने लगी है. मौसम सेवा केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार तापमान में गिरावट होगी जबकि हल्की से मध्यम गति से पछुआ हवा चलेगी जिससे सुबह और रात की ठंड में बढ़ोतरी होगी. मौसम सेवा केन्द्र की मानें तो अब अमूमन पूरे महीने ठंड सताने वाली है. इस बीच पूर्णिया में मौसम का अधिकतम तापमान 25.8 एवं न्यूनतम तापमान 13.3 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया. इससे पहले सोमवार को अधिकतम 28.4 एवं न्यूनतम तापमान 14.9 डिग्री दर्ज किया गया था.

गौरतलब है कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुकूल दिसम्बर की शुरुआत होते ही ठंड का असर तेजी हो गया है जबकि कोहरे में भी बढ़ोत्तरी हो रही है. पूर्वानुमान के अनुसार पछुआ हवा अब जोर पकड़ने वाली है जिससे सुबह और शाम के समय ठंड में और इजाफा होगा. इधर, रात के साथ साथ दिन के तापमान में भी गिरावट के आसार बने हुए हैं और यह गिरावट अगले दो से तीन दिनों के बाद ठिठुरन वाली ठंड का अहसास कराएगी. उतना ही नहीं, कोहरे का दायरा भी बढ़ेगा जिससे विजिबिलिटी कम हो जाएगी. मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक सुबह एवं रात के समय हल्के या मध्यम स्तर का कोहरा छाए रहने का पूर्वानुमान है. आने वाले 5 दिसम्बर तक कोहरा का असर अपेक्षाकृत ज्यादा रह सकता है. यही वजह है कि मौसम विभाग ने कोहरे को लेकर अगाह किया है और कम विजिबिलिटी के मद्दे नजर वाहनों के परिचालन में सतर्कता बरतने की सलाह दी है.

ठंड के साथ बढ़ गईं लोगों की मुश्किलें

ठंड बढ़ने के साल लोगों की कई मुश्किलें भी बढ़ गईं हैं. शहर केजिन बाजारों में सुबह से चहल-पहल शुरूहोजाती थी वहां अब दोपहर होते-होते लोग पहुंच रहे हैं और शाम में जब ग्राहकी का माकूल समय होता है लोग घर वापसी की तैयारी में होते हैं. भट्ठा और मधुबनी जैसे बड़े बाजारों के दुकानदार भीड़ कम होने से परेशान हैं. अमूमन यहीस्थिति फल, सब्जी और अनाज मंडी की भी है. सुबह से संचालित होने वाले स्कूलों के बच्चे और उनके अभिभावक अलग से परेशान हैं जबकि शाम के बाद सड़कों पर आवाजाही भी कम होने लगी है. इस बीच मॉर्निंग वॉक करने वालों की संख्या में कमी देखी जा रही है. इतना ही नहीं बढ़ती ठंड ने पशुपालकों की भी मुश्किलें अचानक बढ़ा दी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >