पूर्णिया के बीकोठी से अरविंद कुमार जायसवाल की रिपोर्ट
Stolen Jewelry Recovery: पूर्णिया जिले के बीकोठी प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत दिबरा बाजार में स्थानीय पुलिस ने सोने-चांदी के जेवरात चोरी मामले में त्वरित और बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है. पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी करते हुए चोरी के आभूषणों की खरीद-बिक्री में संलिप्त दो मुख्य आरोपियों को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है. पुलिस ने इनके पास से भारी मात्रा में चोरी के सोने एवं चांदी के जेवरात भी बरामद किए हैं. इस औचक पुलिसिया कार्रवाई से दिबरा बाजार और आसपास के सर्राफा (सोना-चांदी) व्यवसायियों के बीच भारी खलबली मच गई है.
23 मई की चोरी का सुराग ढूंढते दुकानदारों तक पहुंची पुलिस
रूपेश्वरी ओपी (आउटपोस्ट) अध्यक्ष अनुष्का रानी ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि बीते 23 मई को क्षेत्र में एक बड़ी आभूषण चोरी की वारदात हुई थी.
- मुखबिर से मिला इनपुट: इस कांड की वैज्ञानिक जांच और तकनीकी अनुसंधान के दौरान पुलिस को एक पुख्ता गुप्त सूचना मिली कि चोरी किए गए जेवरातों को खपाने के लिए दिबरा बाजार के ही कुछ चिन्हित दुकानदारों व बिचौलियों के हाथों बेहद कम दामों में बेचा गया है.
- बाजारों में रेड: इस इनपुट के आधार पर ओपी अध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस की एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने दिबरा बाजार सहित आसपास के व्यापारिक ठिकानों पर एक साथ सघन छापेमारी अभियान चलाया.
55 वर्षीय कारोबारी और 27 का युवक गिरफ्तार, जेवर जब्त
सफल छापेमारी के दौरान पुलिस ने दिबरा बाजार से आभूषणों की अवैध खरीद-बिक्री करने और चोरों को संरक्षण देने के आरोप में दो लोगों को दबोच लिया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार की गई है:
- कोरलाल साह (उम्र 55 वर्ष) — स्थानीय सर्राफा कारोबारी
- दर्शन कुमार (उम्र 27 वर्ष) — स्थानीय युवक
पुलिस ने जब इन दोनों की कड़ाई से तलाशी ली और उनके गुप्त ठिकानों पर छानबीन की, तो वहां से 23 मई को चोरी गए सोने के कंगन, चेन और चांदी के अन्य पारंपरिक आभूषण बरामद हुए, जिसे पुलिस ने विधिवत जब्त कर लिया है.
जेवर खपाने वाले अंतरजिला गिरोह का होगा पर्दाफाश: ओपी अध्यक्ष
प्रशासनिक रुख: रूपेश्वरी ओपी अध्यक्ष अनुष्का रानी ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है. फिलहाल पुलिस अभिरक्षा में इनसे गहन पूछताछ की जा रही है, जिसमें कई चौंकाने वाले इनपुट मिले हैं. पुलिस अब इस बात का पता लगा रही है कि इस गिरोह के तार किन-किन चोरों से जुड़े हैं और वे अब तक कहां-कहां चोरी के जेवर खपा चुके हैं. ओपी अध्यक्ष ने आश्वस्त किया कि इस रैकेट में शामिल अन्य सफेदपोशों और मुख्य चोरों को गिरफ्तार करने के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है, और जल्द ही पूरा गिरोह सलाखों के पीछे होगा. स्थानीय प्रबुद्ध नागरिकों ने पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इससे क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगेगा.
