Purnia University News: स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर पूर्णिया विश्वविद्यालय परिसर देशभक्ति के रंग में सराबोर हो गया. राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) की ओर से निकाली गई भव्य तिरंगा यात्रा में शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भाग लिया. हाथों में तिरंगा और होंठों पर "भारत माता की जय" और "वंदे मातरम" के उद्घोष ने पूरे विश्वविद्यालय परिसर को राष्ट्रप्रेम की भावना से गुंजायमान कर दिया.
NSS के नेतृत्व में निकली गौरवपूर्ण तिरंगा यात्रा
पूर्णिया विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना पीजी यूनिट-2 की ओर से कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. माया कीर्ति और एनएसएस समन्वयक अंकिता विश्वकर्मा के नेतृत्व में तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया. यह यात्रा कुलपति प्रो. विवेकानंद सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित की गई.
रैली पीजी विभाग से शुरू होकर विश्वविद्यालय परिसर के विभिन्न हिस्सों से गुजरते हुए पुनः परिसर में समाप्त हुई. यात्रा के दौरान छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने राष्ट्रभक्ति से जुड़े नारे लगाए और राष्ट्रीय एकता का संदेश दिया.
भारत माता की जय और वंदे मातरम से गूंजा परिसर
तिरंगा यात्रा के दौरान "भारत माता की जय" और "वंदे मातरम" के नारों से पूरा शैक्षणिक वातावरण उत्साह और ऊर्जा से भर गया. विश्वविद्यालय परिसर में मौजूद छात्रों और कर्मचारियों ने भी रैली का स्वागत किया और कई स्थानों पर तिरंगा लहराकर प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाया.
आयोजन का उद्देश्य युवाओं में देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करना था.
विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी की भागीदारी
इस अवसर पर कुलसचिव प्रो. अखिलेश कुमार, छात्र कल्याण पदाधिकारी प्रो. अरविंद वर्मा, सीसीडीसी संतोष कुमार सिंह, कुलानुशासक उदय नारायण, इंस्पेक्टर ऑफ कॉलेज प्रो. गोपाल कुमार सहित विश्वविद्यालय के कई वरिष्ठ अधिकारी और विभागाध्यक्ष मौजूद रहे.
रैली में प्रो. तुहिना विजय, प्रो. राधा झा, प्रो. जागृति राय, प्रो. तमन्ना प्रवीन, प्रो. श्वेता कुमारी, प्रो. नोमान हैदर, प्रो. इस्तियाक अहमद, प्रो. अभिषेक आनंद, मोयुद्दुर रहमान, सुमन सागर सहित विभिन्न विभागों के शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मचारियों ने भाग लिया.
Purnia University News: छात्रों का उत्साह बना आकर्षण का केंद्र
तिरंगा यात्रा में नितीश पासवान, मुकेश कुमार, वर्षा, शिवानी, राधिका, मनोज सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए. अनुशासित और उत्साहपूर्ण भागीदारी ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया.
विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन केवल राष्ट्रीय पर्व मनाने तक सीमित नहीं होते, बल्कि युवाओं में राष्ट्र के प्रति सम्मान, कर्तव्य और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने का माध्यम भी बनते हैं.
पूर्णिया विश्वविद्यालय की इस तिरंगा यात्रा ने यह संदेश दिया कि शिक्षा संस्थान केवल ज्ञान के केंद्र नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की चेतना को मजबूत करने वाले महत्वपूर्ण मंच भी हैं.
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