शॉर्ट सर्किट से लगी आग ने 4 घरों व 2 दुकानों को किया राख; कसबा में नहीं थी दमकल
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीती 21 मई की रात तारानगर मोहल्ले के निवासी शिवजी महतो की नाश्ते की दुकान में अचानक शॉर्ट सर्किट से आग लग गई. आग इतनी भयावह थी कि उसने देखते ही देखते पास के ही लखन महतो की एक और दुकान सहित कुल 4 घरों को अपनी चपेट में ले लिया. स्थानीय ग्रामीणों ने अपने स्तर से आग पर काबू पाने का प्रयास किया, लेकिन लपटें तेज होने के कारण वे नाकाम रहे.
विचित्र बात यह है कि कसबा थाने में खुद का कोई अग्निशमन दस्ता (फायर ब्रिगेड) उपलब्ध नहीं होने के कारण, कसबा पुलिस ने आपातकालीन स्थिति को देखते हुए इसकी सूचना तुरंत पड़ोसी जलालगढ़ थाना पुलिस को दी. लेकिन जब तक जलालगढ़ से दमकल की गाड़ी कसबा पहुंची, तब तक दोनों दुकानें और घर पूरी तरह जलकर स्वाहा हो चुके थे.
वारदात और पुलिसिया कार्रवाई का मुख्य विवरण एक नज़र में
सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस कर्मियों पर जानलेवा हमला करने और वाहनों को क्षतिग्रस्त करने के मामले का पूरा ब्यौरा नीचे दी गई सारणी में सुव्यवस्थित रूप से अंकित है:
| विवरण का प्रकार | घटना व पुलिसिया कार्रवाई के आधिकारिक आंकड़े |
| घटना का मुख्य स्थल | तारानगर मोहल्ला, कसबा थाना क्षेत्र, पूर्णिया जिला |
| अगलगी व उपद्रव की तिथि | 21 मई की रात |
| अगलगी में हुई कुल क्षति | 2 मुख्य दुकानें (शिवजी व लखन महतो की) और 4 आवासीय घर |
| हमले के शिकार पुलिस व फायर कर्मी | एसआई संजना प्रसाद, सिपाही अरविंद कुमार गुप्ता, रोहित कुमार, पूजा भारती, चालक महताब आलम व एसआई रमाकांत यादव |
| दर्ज प्राथमिकी में कुल नामजद | 13 उपद्रवी (9 आरोपी फिलहाल फरार, जिनकी तलाश जारी है) |
| गिरफ्तार मुख्य आरोपी | पप्पू महतो, ज्योतिष कुमार, मिथलेश साह एवं रवि कुमार महतो |
| कार्रवाई की वर्तमान स्थिति | गिरफ्तार चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया. |
‘दुकान जलने के बाद क्यों आई पुलिस’ का आरोप लगा किया हमला, CHC में हुआ इलाज
जैसे ही कसबा पुलिस स्थानीय अधिकारियों के साथ जलालगढ़ की फायर ब्रिगेड गाड़ी को एस्कॉर्ट करते हुए मौके पर पहुंची, वहां मौजूद भीड़ बेकाबू हो गई. लोगों ने “दुकान पूरी तरह जलने के बाद गाड़ी क्यों आई” का नारा लगाते हुए पुलिस पर पथराव और लाठी-डंडों से हमला कर दिया. उग्र भीड़ ने कसबा पुलिस की गाड़ी के शीशे तोड़ दिए और उपनिरीक्षक संजना प्रसाद, सिपाही अरविंद कुमार गुप्ता, रोहित कुमार, पूजा भारती तथा दमकल के चालक महताब आलम को बेरहमी से पीटा.
बाद में जब अतिरिक्त बल के साथ पुलिस अवर निरीक्षक रमाकांत यादव स्थिति संभालने पहुंचे, तो उपद्रवियों ने उन्हें भी निशाना बनाया. बाद में अतिरिक्त जिला पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और चोटिल सभी पुलिसकर्मियों को तुरंत कसबा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत स्थिर बताई गई है.
सरकारी कार्य में बाधा डालने वालों को बख्शा नहीं जाएगा: प्रभारी थानाध्यक्ष
मामले की पुष्टि करते हुए कसबा के प्रभारी थानाध्यक्ष प्रिंस कुमार ने बताया कि कानून को हाथ में लेने और कानून के रखवालों पर हमला करने की इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती.
सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और ड्यूटी पर तैनात लोक सेवकों पर जानलेवा हमला करने के आरोप में कसबा थाने में 13 लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में पूर्णिया जेल भेज दिया है. फरार चल रहे शेष 9 आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर पुलिस की विशेष टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं, उन्हें भी जल्द ही दबोच लिया जाएगा.
पूर्णिया के कसबा से अक्षय कुमार की रिपोर्ट:
