सीमांचल की प्रमुख आर्थिक नगरी पूर्णिया का गुलाबबाग अगले 13 दिनों के लिए पूरी तरह भक्ति, आस्था और सांस्कृतिक रंगों में सराबोर हो गया है. महागणपति महोत्सव के दूसरे दिन मंगलवार को वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश की विशेष पूजा-अर्चना संपन्न हुई. शहर से लेकर सुदूर ग्रामीण इलाकों तक से श्रद्धालु प्रथम पूज्य के दरबार में हाजिरी लगाने पहुंच रहे हैं.
गुलाबबाग मेला ग्राउंड परिसर में इस वर्ष धार्मिक अनुष्ठान के साथ-साथ एक वृहद मेले का आयोजन किया गया है, जहां मंगलवार की देर शाम भव्य 'भक्ति जागरण' के साथ 13 दिवसीय सांस्कृतिक उत्सवों की श्रृंखला का विधिवत आगाज हो गया.
भगवान गणेश के साथ महादेव की भव्य प्रतिमा बनी आकर्षण
गुलाबबाग के पूजा पंडाल में इस बार श्रद्धालुओं के लिए विशेष आध्यात्मिक आकर्षण तैयार किया गया है:
- विशाल प्रतिमाएं: मुख्य वेदी पर विघ्नहर्ता भगवान गणेश के साथ-साथ देवाधिदेव महादेव की भव्य व नयनाभिराम प्रतिमा स्थापित की गई है, जो दूर से ही श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर रही है.
- एलईडी तोरण द्वार: मेला ग्राउंड तक जाने वाले पहुंच मार्गों पर आधुनिक एलईडी बल्बों से सुसज्जित विशाल तोरण द्वार (गेट्स) बनाए गए हैं, जो शाम ढलते ही पूरे क्षेत्र को दूधिया व रंग-बिरंगी रोशनी से नहला देते हैं.
गुलाबबाग गणेश महोत्सव: मुख्य विशेषताएं एवं आयोजन रूपरेखा
| मुख्य आयाम | विवरण / व्यवस्था |
| महोत्सव की अवधि | 13 दिवसीय वृहद आयोजन (सोमवार से प्रारंभ) |
| सांस्कृतिक संध्या | प्रतिदिन सांध्यकालीन भक्ति जागरण, भजन संध्या एवं भजन मंडलियों की प्रस्तुतियां |
| विशेष आकर्षण | भगवान गणेश के साथ भगवान शिव का दिव्य विग्रह, भव्य विद्युत सजावट |
| व्यापारिक व मनोरंजन केंद्र | पूजा पंडाल परिसर, मेला ग्राउंड एवं लोहा पट्टी मुख्य सड़क |
| जनसुविधाएं | श्रद्धालुओं की सुरक्षा, पेयजल, रोशनी और कतारबद्ध दर्शन के व्यापक प्रबंध |
लोहा पट्टी से मेला ग्राउंड तक बाजार गुलजार, बच्चों के मनोरंजन की पूरी व्यवस्था
गुलाबबाग के इस वार्षिक मेले को भव्य और आकर्षक स्वरूप देने के लिए आयोजन समिति ने व्यापक प्रबंध किए हैं:
- दुकानों की भरमार: मेला ग्राउंड के साथ-साथ लोहा पट्टी मुख्य सड़क के दोनों किनारों पर खिलौने, पूजा सामग्री, पारंपरिक मिठाइयों और चाट-पकौड़ी की दुकानें सज गई हैं.
- मनोरंजन के साधन: मेले में बच्चों और युवाओं के लिए झूले, ब्रेक डांस, नाव झूला और विभिन्न मनोरंजन के साधन जुटाए जा रहे हैं.
- उमड़ रहा जनसैलाब: सुबह मंगला आरती से लेकर देर रात महाआरती तक बप्पा के दर्शन के लिए भक्तों की लंबी कतारें लग रही हैं. स्थानीय व्यवसायियों और नागरिकों का कहना है कि अगले 13 दिनों तक पूरा गुलाबबाग उत्सव और श्रद्धा के उल्लास में डूबा रहेगा.
